न्यायमूर्ति विक्रम नाथ ने ग्रामीण भारत में मुकदमों का बोझ घटाने संबंधी पहल की शुरुआत की

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न्यायमूर्ति विक्रम नाथ ने ग्रामीण भारत में मुकदमों का बोझ घटाने संबंधी पहल की शुरुआत की

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  • Publish Date - February 16, 2026 / 10:09 PM IST,
    Updated On - February 16, 2026 / 10:09 PM IST

नयी दिल्ली, 16 फरवरी (भाषा) उच्चतम न्यायालय के न्यायाधीश न्यायमूर्ति विक्रम नाथ ने सोमवार को राष्ट्रीय विधिक सेवा प्राधिकरण (नालसा) की उस परियोजना का उद्घाटन किया, जिसका उद्देश्य जमीनी स्तर पर विवाद समाधान को मजबूत करना और ग्रामीण भारत में मुकदमों के बोझ को कम करना है।

“सामुदायिक मध्यस्थता : मुकदमेबाजी मुक्त ग्रामीण भारत की ओर” नामक पहल की शुरुआत उत्तर प्रदेश राज्य विधिक सेवा प्राधिकरण और बागपत के जिला विधिक सेवा प्राधिकरण के सहयोग से की गई है।

न्यायमूर्ति विक्रम नाथ नालसा के कार्यकारी अध्यक्ष भी हैं। उन्होंने नालसा और उत्तर प्रदेश राज्य विधि सेवा प्राधिकरण (यूपीएसएलएसए) के अधिकारियों की मौजूदगी में परियोजना का उद्घाटन किया।

न्यायमूर्ति विक्रम नाथ ने कहा कि इस पहल का दीर्घकालिक उद्देश्य सामाजिक रूप से लचीले ग्रामीण समुदायों का निर्माण करना है, जो विवादों को शुरुआती चरण में ही सुलझाने में सक्षम हों, जिससे सद्भाव को बढ़ावा मिले और अदालतों पर बोझ कम हो।

उन्होंने बताया कि इस पहल के प्रायोगिक कार्यान्वयन के लिए बागपत जिले के छह गांवों को चिन्हित किया गया है।

भाषा पारुल दिलीप

दिलीप