केजरीवाल स्वयंभू ‘आम आदमी’, उन्हें जनता के हितों की परवाह नहीं: चन्नी

केजरीवाल स्वयंभू 'आम आदमी', उन्हें जनता के हितों की परवाह नहीं: चन्नी

केजरीवाल स्वयंभू ‘आम आदमी’, उन्हें जनता के हितों की परवाह नहीं: चन्नी
Modified Date: November 29, 2022 / 08:44 pm IST
Published Date: December 28, 2021 7:39 pm IST

सरदूलगढ़ (पंजाब), 28 दिसंबर (भाषा) पंजाब के मुख्यमंत्री चरणजीत सिंह चन्नी ने मंगलवार को आप नेता अरविंद केजरीवाल पर निशाना साधते हुए आरोप लगाया कि वह स्वयंभू ‘आम आदमी’ हैं जिन्हें आम जनता के हितों की परवाह नहीं है।

चन्नी ने आम आदमी पार्टी (आप) नेता व दिल्ली के मुख्यमंत्री केजरीवाल पर निशाना साधते हुए कहा, ‘‘विलासितापूर्ण जीवन जीने वाला कोई व्यक्ति आम आदमी की पीड़ा के बारे में कैसे जान सकता है।’’

चन्नी ने यहां अनाज मंडी में एक रैली को संबोधित करते हुए केजरीवाल से सवाल किया कि कौन आम आदमी भव्य और महंगे होटलों में ठहरता है। एक आधिकारिक बयान के अनुसार, चन्नी ने कहा कि सिर्फ उनके जैसा व्यक्ति ही लोगों की समस्याओं को समझ सकता है जिसने खुद कठिनाइयों का सामना किया हो।

चन्नी ने केजरीवाल और उनके सहयोगियों को ‘ईस्ट इंडिया कंपनी’ करार दिया और कहा कि केजरीवाल द्वारा पंजाब के नेताओं की ‘अनदेखी’ की जा रही है और एक ‘बाहरी व्यक्ति’ खुद को पंजाब के नेता के रूप में अपने को पेश कर रहा है जो पंजाब के लोगों को बर्दाश्त नहीं होगा।

मुख्यमंत्री ने आरोप लगाया कि केजरीवाल दिल्ली में एक बड़े बंगले में रहते हैं और पंजाब की अपनी यात्रा के दौरान महंगे होटलों में ठहरते हैं तथा अगले साल की शुरुआत में राज्य में होने वाले विधानसभा चुनावों से पहले ऑटो-रिक्शा में बैठकर और लोगों के घर जाकर “नाटक” कर रहे हैं।

चन्नी ने कहा कि आम आदमी पार्टी के अधिकतर विधायकों ने पार्टी छोड़ दी है क्योंकि ‘खुद को आम आदमी के रूप में पेश करने के उनका झूठे प्रचार का पर्दाफाश हो गया है।’

शिरोमणि अकाली दल (शिअद) पर निशाना साधते हुए कांग्रेस नेता चन्नी ने कहा कि बादल परिवार और बिक्रम सिंह मजीठिया को बख्शा नहीं जाएगा क्योंकि ‘‘उन्होंने अपने निजी फायदे के लिए पंजाब को लूटा।’’

मुख्यमंत्री ने कहा कि गिरफ्तारी के डर से मजीठिया छिप गए हैं। बादल परिवार पर राज्य में ‘परिवहन माफिया’ चलाने का आरोप लगाते हुए चन्नी ने कहा कि उनकी सरकार ने इस माफिया को केवल तीन महीने में ही समाप्त कर दिया।

भाषा अविनाश पवनेश

पवनेश


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