अमरनाथ यात्रा के दौरान उच्च स्तर की सतर्कता बनाए रखें: डीआईजी

अमरनाथ यात्रा के दौरान उच्च स्तर की सतर्कता बनाए रखें: डीआईजी

अमरनाथ यात्रा के दौरान उच्च स्तर की सतर्कता बनाए रखें: डीआईजी
Modified Date: July 9, 2025 / 08:55 pm IST
Published Date: July 9, 2025 8:55 pm IST

जम्मू, नौ जुलाई (भाषा) जम्मू-कश्मीर के पुलिस उप महानिरीक्षक (डीआईजी) शिव कुमार शर्मा ने बुधवार को अमरनाथ यात्रा की सुरक्षा का जायजा लिया और तीर्थयात्रा की पूरी अवधि के दौरान उच्च स्तर की सतर्कता बनाए रखने के महत्व पर बल दिया।

लगभग 3,880 मीटर की ऊंचाई पर स्थित पवित्र गुफा मंदिर में बाबा बर्फानी के दर्शन के लिए 38 दिवसीय अमरनाथ यात्रा तीन जुलाई को शुरू हुई थी। कश्मीर घाटी में दो मार्गों-अनंतनाग में 48 किलोमीटर लंबे पारंपरिक नुनवान-पहलगाम मार्ग और गांदरबल में 14 किलोमीटर लंबे लेकिन अधिक ढलान वाले बालटाल मार्ग से तीर्थ यात्रा का संचालन किया जा रहा है, जो नौ अगस्त को समाप्त होगी।

पवित्र गुफा मंदिर में दर्शन करने वाले तीर्थयात्रियों की संख्या एक लाख का आंकड़ा पार कर गई है।

पुलिस प्रवक्ता ने बताया कि जम्मू, सांबा और कठुआ जिलों के परिचालन क्षेत्र का जिम्मा संभालने वाले डीआईजी ने जमीनी स्तर पर जांच करके और एक उच्च स्तरीय बैठक में अधिकारियों से फीडबैक लेकर यात्रा के लिए सुरक्षा और अन्य व्यवस्थाओं की समीक्षा की।

प्रवक्ता के मुताबिक, समीक्षा के दौरान शर्मा ने तीनों जिलों में तीर्थयात्रियों के लिए ठहरने के लिए बनाए गए केंद्रों और लंगर स्थलों का दौरा किया तथा उनकी सुरक्षा सुनिश्चित करने के वास्ते सभी हितधारकों के बीच समन्वित प्रयासों के महत्व पर बल दिया।

डीआईजी ने किसी भी संभावित खतरे और चुनौतियों से निपटने के लिए सुरक्षा उपायों की सावधानीपूर्वक योजना और क्रियान्वयन की आवश्यकता पर प्रकाश डाला। उन्होंने यात्रा की पूरी अवधि के दौरान उच्च स्तर की सतर्कता बनाए रखने के महत्व पर जोर दिया।

शर्मा ने अधिकारियों को नियमित समीक्षा और मॉक ड्रिल आयोजित करने के निर्देश दिए, ताकि यह सुनिश्चित किया जा सके कि सभी योजनाओं का प्रभावी क्रियान्वयन हो।

उन्होंने सड़कों पर चलने वाले वाहनों की उचित जांच और विक्रेताओं का गहन सत्यापन करने के भी निर्देश दिए, साथ ही किसी भी संदिग्ध गतिविधि के मामले में तत्काल आवश्यक कार्रवाई करने को कहा।

डीआईजी ने सभी अधिकारियों को निर्देश दिया कि वे रास्ते में तीर्थयात्रियों के रुकने की जगहों-खासकर भगवती नगर आधार शिविर और सभी आश्रय केंद्रों व लंगर स्थलों पर सुरक्षा पर विशेष ध्यान दें।

उन्होंने कहा, ‘सभी अधिकारियों को यात्रियों की पूर्ण सुरक्षा के लिए अन्य हितधारकों के साथ समन्वय करके अपने-अपने अधिकार क्षेत्र में ‘ऑपरेशन थर्ड आई’ लागू करने के लिए प्रेरित किया गया।’

शर्मा ने निर्देश दिया कि तीर्थयात्रा की सुरक्षा के लिए और राजमार्ग पर तैनात अधिकारी एवं कर्मचारी अपने निर्धारित स्थानों पर अतिरिक्त सतर्कता बरतें।

समीक्षा के दौरान डीआईजी ने तीर्थयात्रियों से भी बातचीत की और निजी वाहनों में यात्रा कर रहे लोगों को पुलिस के निर्देशों का पालन करने तथा सुरक्षित यात्रा के लिए आधिकारिक काफिले में यात्रा करने की सलाह दी।

भाषा पारुल माधव

माधव


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