मणिपुर के मुख्यमंत्री ने विस्थापितों से विश्वास मजबूत करने में सरकार की मदद करने की अपील की

मणिपुर के मुख्यमंत्री ने विस्थापितों से विश्वास मजबूत करने में सरकार की मदद करने की अपील की

मणिपुर के मुख्यमंत्री ने विस्थापितों से विश्वास मजबूत करने में सरकार की मदद करने की अपील की
Modified Date: February 19, 2026 / 05:51 pm IST
Published Date: February 19, 2026 5:51 pm IST

इंफाल, 19 फरवरी (भाषा) मणिपुर के मुख्यमंत्री वाई. खेमचंद सिंह ने पहाड़ी और घाटी क्षेत्रों में विस्थापित लोगों तथा नागरिक समाज संगठनों से राज्य में मेइती और कुकी-जो समुदायों के बीच विश्वास की कमी को दूर करने के राज्य सरकार के प्रयासों में सहयोग करने की बृहस्पतिवार को अपील की।

उन्होंने कहा कि विश्वास की कमी कुछ स्थानों पर मौजूद जातीय हिंसा से उत्पन्न हुई है।

इंफाल में आंतरिक रूप से विस्थापित व्यक्तियों (आईडीपी) के बीच राहत वितरण कार्यक्रम में सिंह ने कहा, ‘‘कुछ ऐसे स्थान हैं जहां आईडीपी तुरंत प्रवेश नहीं कर सकते। राज्य में धीरे-धीरे शांति लौट रही है। हालांकि, दोनों समुदायों के बीच संघर्ष के कारण विश्वास की कमी बनी हुई है। मैं सभी नागरिक समाज संगठनों, आईडीपी और समुदायों के लोगों से इस विश्वास की कमी को दूर करने की अपील करता हूं।’’

सिंह ने कहा, ‘‘मैं विस्थापितों और पहाड़ी तथा इंफाल घाटी के लोगों के बीच प्रेम का भाव जगाने की अपील करता हूं। सरकार विस्थापितों की शिकायतों के समाधान के लिए चौबीसों घंटे तत्पर है। हम यह सुनिश्चित करने के लिए भी काम कर रहे हैं कि वे सभी अपने पैतृक घरों में लौट सकें।’’

राहत वितरण कार्यक्रम चूड़ाचांदपुर और कांगपोकपी जिलों में विधायक पाओलिएनल हाओकिप, एलएम खौटे, लेटज़ामांग और उपमुख्यमंत्री नेमचा किपगेन की उपस्थिति में भी आयोजित किया गया था।

मणिपुर में मई 2023 से ही मेइती और कुकी-जो समुदायों के बीच जातीय संघर्ष जारी रहा।

इस जातीय हिंसा के दौरान अब तक राज्य में 260 से अधिक लोग मारे गए हैं और हजारों लोग बेघर हुए हैं।

भाषा यासिर माधव

माधव


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