ओड़िशा: सिजिमाली खदान तक सड़क निर्माण के विरोध में आदिवासियों से झड़प में 58 पुलिसकर्मी घायल

ओड़िशा: सिजिमाली खदान तक सड़क निर्माण के विरोध में आदिवासियों से झड़प में 58 पुलिसकर्मी घायल

ओड़िशा: सिजिमाली खदान तक सड़क निर्माण के विरोध में आदिवासियों से झड़प में 58 पुलिसकर्मी घायल
Modified Date: April 7, 2026 / 10:00 pm IST
Published Date: April 7, 2026 10:00 pm IST

भुवनेश्वर, सात अप्रैल (भाषा) ओड़िशा के रायगड़ा जिले में सिजिमाली बॉक्साइट खदान तक सड़क निर्माण को लेकर मंगलवार को स्थानीय आदिवासियों के साथ हुई झड़प में करीब 70 लोग घायल हुए। घायलों में 58 सुरक्षा कर्मी शामिल हैं। अधिकारियों ने यह जानकारी दी।

अधिकारियों के अनुसार, जिला के काशीपुर ब्लॉक के शगाबाड़ी गांव में स्थानीय आदिवासियों ने सड़क निर्माण का कड़ा विरोध किया। पुलिस ने कहा कि विरोध कर रहे प्रदर्शनकारियों ने सड़क निर्माण रोकने के प्रयास में पत्थर फेंके और पुलिस व जिला प्रशासन के अधिकारियों पर तलवार, कुल्हाड़ी और अन्य धारदार हथियारों से हमला किया।

एडीजी संजय कुमार ने ‘पीटीआई-भाषा’ को बताया, “घायलों को रायगड़ा जिला मुख्यालय अस्पताल में भर्ती कराया गया है।”

उन्होंने बताया कि भीड़ द्वारा अंधाधुंध पत्थरबाजी में कुछ महिला पुलिसकर्मी भी घायल हो गईं।

रायगड़ा के पुलिस अधीक्षक (एसपी) स्वाति एस कुमार ने बताया कि लगभग 250 ग्रामीणों की भीड़ ने पुलिसकर्मियों को घेर लिया, जब वे काशीपुर पुलिस थाना क्षेत्र के कांतमाल गांव में 14 आपराधिक मामलों में वांछित एक व्यक्ति को गिरफ्तार करने गए थे।

सूत्रों के अनुसार, आरोपी व्यक्ति उन आदिवासी नेताओं में से एक था जिन्होंने सिजिमाली खदानों तक सड़क निर्माण का विरोध किया था।

कुमार ने ‘पीटीआई-भाषा’ को बताया, “महिला पुलिसकर्मी सहित हमारे कर्मियों को घेर लिया गया और उन पर पत्थर फेंके गए। आत्मरक्षा में, हमने भीड़ को तितर-बितर करने के लिए आंसू गैस के गोले दागे और घायलों को सुरक्षित स्थान पर पहुंचाया।”

काशीपुर क्षेत्र के स्थानीय लोग तब से सिजिमाली बॉक्साइट खदान परियोजना के खिलाफ हैं जब इसे ओड़िशा सरकार ने एक निजी कंपनी को आवंटित किया था। प्रशासन उस कंपनी को खदान तक सड़क निर्माण में सहायता कर रहा था।

एक अधिकारी ने बताया कि रायगड़ा के कलेक्टर कुलकर्णी आशुतोष घटनास्थल पर थे और प्रदर्शनकारी आदिवासियों से चर्चा कर रहे थे।

जिला प्रशासन ने शगाबारी गांव में कानून और व्यवस्था बनाए रखने के लिए निषेधाज्ञा लागू कर दी है।

मार्क्सवादी कम्युनिस्ट पार्टी (माकपा) की ओडिशा इकाई के सचिव सुरेश पाणिग्राही ने पुलिस कार्रवाई और राज्य सरकार की नीति की निंदा की।

पाणिग्राही ने कहा, ‘हम मांग करते हैं कि निषेधाज्ञा और सुरक्षा बलों को तुरंत हटाया जाए, पहले गिरफ्तार किए गए नेताओं को रिहा किया जाए और सड़क निर्माण कार्य रोका जाए।’

भाषा

राखी माधव

माधव


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