झारखंड में एसआईआर के दौरान छह लाख से अधिक मृत मतदाताओं की पहचान की गयी

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झारखंड में एसआईआर के दौरान छह लाख से अधिक मृत मतदाताओं की पहचान की गयी

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  • Publish Date - July 25, 2026 / 02:48 PM IST,
    Updated On - July 25, 2026 / 02:48 PM IST

रांची, 25 जुलाई (भाषा) झारखंड में मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण (एसआईआर) के दौरान अब तक छह लाख से अधिक मृत मतदाताओं की पहचान की गयी है। एक अधिकारी ने बताया कि शनिवार तक रांची जिले में सबसे अधिक मृत मतदाता दर्ज किए गए।

मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण के तहत गणना प्रक्रिया 30 जून से शुरू हुई थी, जो 29 जुलाई तक जारी रहेगी। इस दौरान बूथ स्तरीय अधिकारी (बीएलओ) घर-घर जाकर गणना प्रपत्र वितरित करने, एकत्र करने और उनका सत्यापन करने का काम कर रहे हैं।

अधिकारी ने बताया कि शनिवार सुबह तक रांची में 71,990 मृत मतदाता दर्ज किए गए, जबकि खूंटी में इनकी संख्या 53,885 रही।

एक अधिकारी ने बताया कि शनिवार पूर्वाह्न 11 बजे तक बीएलओ राज्य के 2.64 करोड़ मतदाताओं में से 99.58 प्रतिशत तक पहुंच चुके हैं।

मुख्य निर्वाचन अधिकारी (सीईओ) के. रवि कुमार ने ‘पीटीआई-भाषा’ को बताया, ‘‘बीएलओ ने घर-घर जाकर कुल 2,63,51,520 मतदाताओं, यानी 99.58 प्रतिशत मतदाताओं तक पहुंच बनाकर पात्र भारतीय नागरिकों को गणना प्रपत्र उपलब्ध कराए हैं।’’

निर्वाचन आयोग के आंकड़ों के अनुसार शनिवार सुबह तक 25,85,506 गणना प्रपत्र एकत्र नहीं किए जा सके। इनमें 6,14,639 मृत मतदाता, 10,78,577 स्थायी रूप से स्थानांतरित मतदाता तथा 5,96,575 ऐसे मतदाता शामिल हैं, जिनका पता नहीं चल सका या जो अनुपस्थित पाए गए।

गणना प्रक्रिया शुरू होने से पहले राज्य के 82.08 प्रतिशत मतदाताओं का 2003 की मतदाता सूची से माता-पिता का मिलान पूरा कर लिया गया था। कुल 2.64 करोड़ मतदाताओं में से लगभग 47.41 लाख मतदाताओं का मिलान अभी बाकी है।

मसौदा मतदाता सूची पांच अगस्त को प्रकाशित की जाएगी। इसके बाद चार सितंबर तक दावे और आपत्तियां दर्ज कराई जा सकेंगी। दावों और आपत्तियों का निस्तारण पांच अगस्त से तीन अक्टूबर के बीच किया जाएगा, जबकि अंतिम मतदाता सूची सात अक्टूबर को प्रकाशित की जाएगी।

भाषा गोला अमित

अमित