संसद के शीतकालीन सत्र का 9वां दिन भी हंगामे की भेट चढ़ा, सरकार का आरोप- कांग्रेस गंभीर विषयों पर चर्चा नहीं करना चाहती

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संसद के शीतकालीन सत्र का 9वां दिन भी हंगामे की भेट चढ़ा, सरकार का आरोप- कांग्रेस गंभीर विषयों पर चर्चा नहीं करना चाहती

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  • Publish Date - December 21, 2018 / 02:25 PM IST,
    Updated On - November 29, 2022 / 07:48 PM IST

नई दिल्ली। शीतकालीन सत्र के 9वें दिन शुक्रवार को भी संसद के दोनों सदनों में हंगामे का सिलसिला जारी रहा। कंप्यूटर्स को मॉनिटर और इंटरसेप्ट करने का अधिकार, राफेल मुद्दा, दिल्ली में सीलिंग और कावेरी मुद्दे पर लोकसभा और राज्यसभा में हंगामा हुआ। इससे कार्यवाही को स्थगित किया गया। वहीं लोकसभा अध्यक्ष ने सदन में बताया कि लोकसभा की कार्यवाही 24, 25 और 26 दिसंबर को नहीं होगी, क्योंकि क्रिसमस मनाने के लिए कई सदस्य अपने गृहनगर जाना चाहते हैं।

इससे पहले गुरुवार को सत्र के आठवें दिन लोकसभा में उपभोक्ता संरक्षण बिल 2018 को मंजूरी दे दी गई। वहीं अब मुख्य एजेंडे में तीन तलाक से जुड़ा बिल है, लोकसभा में इस पर चर्चा के लिए 27 दिसंबर की तारीख तय की गई है। कम्प्यूटर मॉनिटरिंग के मुद्दे पर केंद्रीय मंत्री रविशंकर प्रसाद ने कहा किसी तरह के कानून से खिलवाड़ नहीं हुआ है। कांग्रेस पार्टी गंभीर विषयों पर चर्चा नहीं करना चाहती है। उन्होंने कहा कि आतंकियों को पकड़ने के लिए एजेंसियां निगरानी रखनी हैं, लेकिन कांग्रेस ऐसा नहीं होने देना चाहती है। हंगामा न रुकता देखकर उपसभापति ने राज्यसभा की कार्यवाही 27 दिसंबर गुरुवार तक के लिए स्थगित कर दी।

केंद्रीय मंत्री अरुण जेटली ने कहा कि जहां भी राष्ट्रीय सुरक्षा से जुड़े मुद्दे आते हैं, वहां एजेंसियों को निगरानी का अधिकार रहा है। जेटली ने कहा कि आईटी एक्ट में भी इस जिक्र है। गृह मंत्रालाय ने 10 सेंट्रल एजेंसियों को देश के सभी कंप्यूटर्स को मॉनिटर और इंटरसेप्ट करने का अधिकार दिया है। अब ये एजेंसियों न सिर्फ आपके ईमेल बल्कि आपके कंप्यूटर में रखे हर तरह के डेटा पर नजर रख सकती हैं।  उपसभापति ने राज्यसभा में कहा कि आज प्राइवेट मेंबर बिल पर बात होनी है इसलिए आज विधावाओं से जुड़े मुद्दे पर प्राइवेट बिल पर चर्चा होनी चाहिए।

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आनंद शर्मा ने कहा कि देश की 10 एजेंसियों को निगरानी की इजाजत दे दी गई है, यह हम सभी निजता का हनन है। हंगामे के बाद लोकसभा की कार्यवाही 27 दिसंबर सुबह 11 बजे तक के लिए स्थगित कर दी गई। वहीं विभिन्न मुद्दों को लेकर कांग्रेस, आम आदमी पार्टी और एआइएडीएमके सदस्यों के हंगामे के सभापति ने राज्यसभा की कार्यवाही दिन भर के लिए स्थगित कर दी।