(तस्वीर के साथ)
चंडीगढ़, 26 अप्रैल (भाषा) पंजाब पुलिस ने राज्यसभा सदस्य हरभजन सिंह की सुरक्षा वापस ले ली है। हरभजन सिंह उन सात सांसदों में शामिल हैं, जिन्होंने राघव चड्ढा के साथ आम आदमी पार्टी छोड़कर भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) का दामन थाम लिया है। यह जानकारी सूत्रों ने दी।
सूत्रों ने बताया कि सुरक्षा शनिवार को हटा ली गयी, जिसमें 9-10 पुलिसकर्मी शामिल थे।
पूर्व क्रिकेटर हरभजन सिंह के जालंधर स्थित छोटी बारादरी इलाके के आवास पर पंजाब पुलिस के सुरक्षाकर्मी तैनात थे।
इस बीच, रविवार को पूर्व क्रिकेटर के घर के बाहर केंद्रीय रिजर्व पुलिस बल (सीआरपीएफ) के जवान तैनात दिखाई दिए।
शनिवार को आम आदमी पार्टी (आप) के कार्यकर्ताओं ने हरभजन सिंह, अशोक मित्तल और राजिंदर गुप्ता के घरों के बाहर प्रदर्शन किया था। ये तीनों नेता भाजपा में शामिल हो चुके हैं। प्रदर्शनकारियों ने लुधियाना और जालंधर में उनके घरों की दीवारों पर स्प्रे पेंट से ‘गद्दार’ लिख दिया।
शुक्रवार को आम आदमी पार्टी (आप) के राज्यसभा सदस्य राघव चड्ढा और संदीप पाठक ने पार्टी छोड़ने की घोषणा की थी। वे पांच अन्य सांसदों में अशोक मित्तल, हरभजन सिंह, राजिंदर गुप्ता, स्वाति मालीवाल और विक्रमजीत साहनी शामिल हैं।
राघव चड्ढा ने आरोप लगाया था कि अरविंद केजरीवाल के नेतृत्व वाली पार्टी अपने सिद्धांतों, मूल्यों और नैतिक आधार से भटक गई है, इसलिए वह भाजपा में शामिल हो रहे हैं। उन्होंने कहा था कि सातों सांसदों का एक गुट के रूप में भाजपा में विलय हुआ है।
इस राजनीतिक घटनाक्रम के तुरंत बाद पंजाब के मुख्यमंत्री भगवंत मान ने इन सात नेताओं को “गद्दार” करार दिया। मान ने आरोप लगाया कि भाजपा आम आदमी पार्टी को तोड़ने की कोशिश कर रही है और उसने पंजाब की जनता के साथ “विश्वासघात” किया है।
भाषा गोला अमित
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