राजस्थान: सरकारी विद्यालय सात दिन में नहीं खुला तो धरना देगी कॉजपा

राजस्थान: सरकारी विद्यालय सात दिन में नहीं खुला तो धरना देगी कॉजपा

राजस्थान: सरकारी विद्यालय सात दिन में नहीं खुला तो धरना देगी कॉजपा
Modified Date: August 30, 2026 / 11:03 pm IST
Published Date: August 30, 2026 11:03 pm IST

जयपुर, 30 अगस्त (भाषा) राजस्थान के जयपुर में भट्टा बस्ती स्थित एक सरकारी विद्यालय का जायजा लेने पहुं‍ची कॉकरोच जनता पार्टी (सीजेपी) की एक टीम ने रविवार को विद्यालय को दोबारा खोलने के लिए सात दिन का अल्टीमेटम देते हुए कहा कि तय समय में विद्यालय नहीं खोला गया तो स्थानीय लोगों के साथ धरना दिया जाएगा।

कॉजपा की राष्ट्रीय सचिव रेखा शर्मा के नेतृत्व में संगठन की एक टीम भट्टा बस्ती के न्यू संजय नगर स्थित राजकीय प्राथमिक विद्यालय पहुंची, जहां विद्यालय भवन पर ताला लगा मिला।

कार्यकर्ताओं ने स्थानीय निवासियों से विद्यालय बंद होने और इससे बच्चों की शिक्षा पर पड़ रहे प्रभाव के बारे में जानकारी ली।

कॉजपा ने विद्यालय को जल्द से जल्द फिर से खोलने की मांग की।

संगठन ने दावा किया कि विद्यालय बंद होने के बाद कई विद्यार्थियों ने पढ़ाई छोड़ दी है।

रेखा शर्मा ने कहा, “स्थानीय लोगों ने हमें जो बताया, यहां वही स्थिति देखने को मिली। बच्चों को पढ़ने का अवसर नहीं मिल रहा है और विद्यालय पर ताला लगा हुआ है। अगर सात दिन के भीतर विद्यालय नहीं खोला गया तो कॉजपा स्थानीय निवासियों के साथ मिलकर विरोध प्रदर्शन करेगी। हम विद्यालय को दोबारा खुलवाने के लिए हरसंभव प्रयास करेंगे।”

स्थानीय कार्यकर्ता अमीन कायमखानी ने शिक्षा विभाग के अधिकारियों पर क्षेत्र की अनदेखी करने का आरोप लगाया।

उन्होंने कहा कि विभाग के अधिकारियों ने क्षेत्र के साथ भेदभाव किया है और स्थानीय विधायक ने केवल धर्म आधारित राजनीति की है।

इस दौरान कई स्थानीय निवासी भी मौजूद रहे और उन्होंने विद्यालय में नियमित कक्षाएं शुरू करने की मांग की।

यह पहल कॉजपा के ‘विद्यालय ठीक करो’ अभियान का एक हिस्सा है।

इससे पहले जयपुर के रामपुरा कंवरपुरा स्थित सरकारी विद्यालय पहुंचा कॉजपा की टीम को ग्रामीणों ने गांव में प्रवेश करने से रोक दिया था, जिसके बाद दोनों पक्षों के बीच धक्का-मुक्की हुई थी।

इसके बाद शिवदासपुरा थाने में दोनों पक्षों की ओर से एक-दूसरे के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज कराई गई थी।

भाषा बाकोलिया जितेंद्र

जितेंद्र


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