CBSE Re Evaluation 2026 : मुख्य रिजल्ट में कटे थे 24 नंबर, री-इवैल्यूएशन का रिस्क लेते ही बदल गई छात्रा की किस्मत, कॉपियां दोबारा खुलते ही रच दिया इतिहास

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रांची की अवनी केजरीवाल ने सीबीएसई 12वीं के री-इवैल्यूएशन में ऐसा कमाल कर दिखाया, जिसने सभी को हैरान कर दिया। मुख्य रिजल्ट से संतुष्ट न होने पर उन्होंने कॉपियों की दोबारा जांच कराई और नतीजा आने पर उनका स्कोर बढ़कर 500 में 500 हो गया। इस उपलब्धि के साथ वह राज्य की टॉपर्स सूची में शीर्ष पर पहुंच गई हैं।

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  • Publish Date - June 22, 2026 / 11:31 PM IST,
    Updated On - June 22, 2026 / 11:33 PM IST

CBSE Re Evaluation 2026 / Image source : x

HIGHLIGHTS
  • रांची की छात्रा अवनी केजरीवाल ने CBSE 12वीं में हासिल किए 500/500 अंक।
  • मुख्य रिजल्ट में अंग्रेजी और बिजनेस स्टडीज में कम नंबर मिले थे।
  • री-इवैल्यूएशन के बाद अंग्रेजी में 19 और बिजनेस स्टडीज में 5 अंक बढ़े।

रांची: CBSE Re Evaluation 2026 : झारखंड की राजधानी रांची की रहने वाली अवनी केजरीवाल के लिए सीबीएसई 12वीं का री-इवैल्यूएशन रिजल्ट जिंदगी का सबसे यादगार पल बन गया है। पहले आए नतीजों से असंतुष्ट होकर अवनी ने कॉपियों की दोबारा जांच के लिए आवेदन किया था, जिसके बाद उन्होंने पूरे 500 में से 500 नंबर हासिल कर इतिहास रच दिया है।

500/500 में आए नंबर

रांची के धुर्वा स्थित डीपीएस (DPS) सेल टाउनशिप स्कूल की छात्रा अवनी केजरीवाल को मुख्य रिजल्ट में अंग्रेजी और बिजनेस स्टडीज में उम्मीद से कम नंबर मिले थे। Avani Kejriwal CBSE Topper इंग्लिश में 19 अंक कम होने से वह हैरान थीं। इसके उन्होंने री-इवैल्यूएशन के लिए अप्लाई किया। नतीजे आने पर अंग्रेजी में 19 और बिजनेस स्टडीज में 5 नंबर बढ़ गए। इस तरह कुल 24 अंकों के इजाफे के साथ अवनी का स्कोर 100% यानी 500/500 हो गया।

राज्य की टॉपर्स सूची में सबसे ऊपर आई अवनी

अवनी ने अपने पांचों मुख्य विषयों इंग्लिश कोर, अकाउंटेंसी, बिजनेस स्टडीज, इकोनॉमिक्स और एप्लाइड मैथेमेटिक्स में 100 में से 100 अंक हासिल किए हैं। इसके अलावा एडिशनल सब्जेक्ट ग्राफिक्स में भी उन्हें 99 नंबर मिले हैं।Girl Scores 500 Out Of 500 Marksइस दर्शन के साथ वह राज्य की टॉपर्स सूची में सबसे ऊपर आ गई हैं। अवनी के पिता मितेश केजरीवाल व्यवसायी हैं और मां पूनम केजरीवाल गृहिणी हैं, जिनका कहना है कि अवनी शुरू से ही बेहद अनुशासित और मेहनती रही हैं।

बिजनेस मैनेजमेंट में बनाना चाहती है करियर

अपनी इस अपार सफलता का श्रेय अपने माता-पिता और शिक्षकों को देते हुए अवनी ने कहा कि उन्हें अपनी मेहनत पर पूरा भरोसा था, इसलिए उन्होंने दोबारा जांच का रिस्क लिया। आगे की योजना को लेकर अवनी पूरी तरह स्पष्ट हैं, वह बिजनेस मैनेजमेंट के क्षेत्र में अपना शानदार करियर बनाना चाहती हैं।

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