नयी दिल्ली, 16 सितंबर (भाषा) केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने बुधवार को कहा कि सरकार ने गैरकानूनी गतिविधियां (रोकथाम) अधिनियम (यूएपीए) के तहत पाकिस्तान स्थित शहजाद भट्टी नेटवर्क (एसबीएन) को आतंकवादी संगठन घोषित किया है।
शाह ने कहा कि आतंकवाद को कतई बर्दाश्त नहीं करने संबंधी प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के दृष्टिकोण को आगे बढ़ाते हुए यह कार्रवाई की गई है।
गृह मंत्री ने ‘एक्स’ पर कहा, ‘‘यह समूह सीमापार हथियारों, विस्फोटकों और मादक पदार्थों की तस्करी में शामिल है। इसके अलावा यह युवाओं और अपराधियों को आतंकवाद के लिए उकसाता है। भारत के लोकतांत्रिक ढांचे और सांप्रदायिक सौहार्द के ताने-बाने को निशाना बनाते हुए, इस गिरोह ने नफरत फैलाने वाली डिजिटल सामग्री भी प्रकाशित की।’’
केंद्रीय गृह मंत्रालय की ओर से बुधवार को जारी राजपत्र अधिसूचना में यूएपीए की धारा 35(1)(ए) का हवाला देते हुए ‘‘शहजाद भट्टी नेटवर्क (एसबीएन)’’ को अधिनियम की पहली अनुसूची में शामिल किया गया है। इस अनुसूची में प्रतिबंधित आतंकवादी संगठनों की सूची दर्ज है।
यह कार्रवाई इसलिए की गई क्योंकि केंद्र का मानना है कि एसबीएन ‘‘ भारत में आतंकवाद की विभिन्न घटनाओं में शामिल है।’’
अधिसूचना में कहा गया है, ‘‘शहजाद भट्टी नेटवर्क एक ऐसा संगठन है, जिसका उद्देश्य भोले-भाले युवाओं और स्थानीय अपराधियों को शामिल कर सीमापार से हथियारों, विस्फोटकों और मादक पदार्थों की तस्करी करना है। यह आतंकवादी गतिविधियों के माध्यम से देश की लोकतांत्रिक व्यवस्था, सांप्रदायिक सौहार्द और आंतरिक सुरक्षा के लिए गंभीर खतरा पैदा करता है।’’
अधिसूचना में कथित एसबीएन सदस्यों के खिलाफ यूएपीए, भारतीय न्याय संहिता, शस्त्र अधिनियम, विस्फोटक अधिनियम, सूचना प्रौद्योगिकी अधिनियम और संपत्ति विरूपण निवारण अधिनियम जैसे कानूनों के तहत दर्ज आपराधिक मामलों का उल्लेख किया गया है।
यूएपीए के तहत किसी संगठन को पहली अनुसूची में शामिल करने से वह औपचारिक रूप से भारतीय कानून के तहत ‘‘आतंकवादी’’ घोषित संगठनों की सूची में आ जाता है। एसबीएन इस सूची में 46वां संगठन है।
अधिसूचना के अनुसार एसबीएन प्रलोभन देकर ‘‘भोले-भाले युवाओं को कट्टरपंथी बनाने’’, उन्हें राष्ट्र-विरोधी गतिविधियों के लिए उकसाने और अन्य प्रतिबंधित संगठनों तथा इसी तरह नामित संस्थाओं के साथ मिलीभगत कर राष्ट्र-विरोधी कृत्यों के लिए संसाधन जुटाने में शामिल है।
इसमें कहा गया है, ‘‘शहजाद भट्टी नेटवर्क हिंसक गतिविधियों के माध्यम से आतंकवाद को बढ़ावा दे रहा है, जिससे सार्वजनिक व्यवस्था बाधित होती है। साथ ही यह विभिन्न डिजिटल संचार माध्यमों का इस्तेमाल कर भड़काऊ संदेश प्रसारित कर रहा है, जिससे देश की अखंडता के लिए गंभीर चुनौती पैदा हो रही है।’’
भाषा
देवेंद्र नरेश
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