श्रीनगर: राज्य का दर्जा बहाल करने की मांग को लेकर भाजपा मुख्यालय जा रहे नेकां मार्च को पुलिस ने रोका

श्रीनगर: राज्य का दर्जा बहाल करने की मांग को लेकर भाजपा मुख्यालय जा रहे नेकां मार्च को पुलिस ने रोका

श्रीनगर: राज्य का दर्जा बहाल करने की मांग को लेकर भाजपा मुख्यालय जा रहे नेकां मार्च को पुलिस ने रोका
Modified Date: September 2, 2026 / 01:49 pm IST
Published Date: September 2, 2026 1:49 pm IST

श्रीनगर, दो सितंबर (भाषा) जम्मू-कश्मीर का राज्य का दर्जा बहाल करने की मांग को लेकर बुधवार को नेशनल कॉन्फ्रेंस (नेकां) के विरोध मार्च को पुलिस ने जवाहर नगर स्थित भाजपा मुख्यालय की ओर बढ़ने से रोक दिया।

नेकां के मंत्री, विधायक, नेता और कार्यकर्ता राजबाग स्थित गिंदुन स्पोर्ट्स कॉम्प्लेक्स के पास एकत्र हुए और उन्होंने भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) मुख्यालय की ओर मार्च करने की कोशिश की।

पार्टी ने जम्मू-कश्मीर का राज्य का दर्जा बहाल करने में हो रही देरी को लेकर केंद्र सरकार के विरोध में भाजपा कार्यालय का ‘घेराव’ करने का ऐलान किया था।

हालांकि, पुलिस ने प्रदर्शनकारियों को जवाहर नगर की ओर आगे बढ़ने से रोक दिया।

जम्मू-कश्मीर की शिक्षा मंत्री सकीना इत्तू ने पत्रकारों से बातचीत में लाल चौक से सिविल सचिवालय तक भाजपा के प्रदर्शन के उद्देश्य पर सवाल उठाया और कहा कि पार्टी लोगों से जुड़े मुद्दों पर चुप रहती है।

इत्तू ने कहा, ‘‘वह किस तरह के नेता प्रतिपक्ष (सुनील शर्मा) हैं? अगर उनके मन में लोगों के हित का ध्यान होता तो वह आरक्षण जैसे मुद्दों पर बात करते।’’

नेकां विधायक और मुख्य प्रवक्ता तनवीर सादिक ने कहा कि सुनील शर्मा को इस्तीफे या नए जनादेश की बात करने का कोई अधिकार नहीं है, क्योंकि राज्य का दर्जा बहाल करना भाजपा के चुनावी घोषणापत्र का हिस्सा है।

सादिक ने कहा, ‘‘राज्य का दर्जा कहां है? चुनाव हुए दो साल हो चुके हैं और वह (शर्मा) इस्तीफे की बात करने की हिम्मत कर रहे हैं?’’

इस बीच, भाजपा ने बुधवार को जम्मू-कश्मीर सरकार के खिलाफ प्रदर्शन किया। विधानसभा में नेता प्रतिपक्ष सुनील शर्मा ने मुख्यमंत्री उमर अब्दुल्ला को चुनौती दी कि वह गांदरबल सीट से इस्तीफा देकर राज्य का दर्जा बहाल करने के मुद्दे पर दोबारा जनादेश हासिल करें।

भाजपा नेताओं और सैकड़ों कार्यकर्ताओं ने लाल चौक स्थित घंटाघर के पास एकत्र होकर हाथों में तख्तियां लेकर सरकार के खिलाफ नारेबाजी की।

भाषा शोभना मनीषा

मनीषा


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