तमिलनाडु: श्री दंडायुधपाणी स्वामी मंदिर की भूमि के फर्जी निबंधन मामले में सीबी-सीआईडी ने मारे छापे

तमिलनाडु: श्री दंडायुधपाणी स्वामी मंदिर की भूमि के फर्जी निबंधन मामले में सीबी-सीआईडी ने मारे छापे

तमिलनाडु: श्री दंडायुधपाणी स्वामी मंदिर की भूमि के फर्जी निबंधन मामले में सीबी-सीआईडी ने मारे छापे
Modified Date: July 18, 2026 / 03:36 pm IST
Published Date: July 18, 2026 3:36 pm IST

डिंडीगुल (तमिलनाडु), 18 जुलाई (भाषा) अपराध शाखा-सीआईडी (सीबी-सीआईडी) की टीमों ने पलानी में स्थित प्रसिद्ध श्री दंडायुधपाणी स्वामी मंदिर की भूमि के कथित फर्जी निबंधन के मामले में शनिवार को डिंडीगुल जिले के कई स्थानों पर छापेमारी शुरू की।

अधिकारियों बताया कि मंदिर की करीब 100 करोड़ रुपये मूल्य की भूमि का निबंधन (रजिस्ट्री) दो करोड़ रुपये में कराने वाले अधिकारियों और लोगों के ठिकानों पर यह छापेमारी की गई। मंदिर प्रशासन द्वारा हाल ही में की गई जांच के दौरान इस अनियमितता का पता चला था।

राजनीतिक विवाद पैदा होने के बाद, तमिलनाडु के पुलिस महानिदेशक (डीजीपी) ने 15 जुलाई को इस मामले की जांच सीबी-सीआईडी को सौंप दी थी।

एक सूत्र ने बताया कि अनियमितताओं की जांच के लिए डिंडीगुल, पलानी और ओड्डनचत्रम क्षेत्रों में एक उप-निबंधक, भूमि की खरीद-फरोख्त में मदद करने वाले व्यक्ति और दस्तावेजों पर गवाह के रूप में हस्ताक्षर करने वाले लोगों के घरों पर तलाशी ली गई।

राज्य के कानून मंत्री सी. टी. आर. निर्मल कुमार ने छापेमारी को उचित बताते हुए कहा कि मंदिरों, झीलों और जलाशयों से जुड़े पिछले पांच वर्षों के फर्जी भूमि पंजीकरण मामलों की पूरी जांच जरूरी है।

उन्होंने कहा कि ऐसे अवैध निबंधन में शामिल सभी लोगों को जवाबदेह ठहराया जाएगा।

मदुरै में संवाददाताओं से बातचीत के दौरान कुमार ने कहा, “तत्कालीन द्रमुक सरकार के पांच वर्ष के कार्यकाल में ऐसी कई अनियमितताएं हुईं और अब वे सामने आ रही हैं। हमने इस मामले की सीबी-सीआईडी जांच का रास्ता साफ किया।”

उन्होंने कहा कि दोषियों के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।

भाषा जोहेब सुभाष

सुभाष


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