उप्र : दुधवा बफर जोन में तेंदुए का हमला, सात वर्षीय बालक की मौत

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उप्र : दुधवा बफर जोन में तेंदुए का हमला, सात वर्षीय बालक की मौत

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  • Publish Date - June 8, 2026 / 12:16 PM IST,
    Updated On - June 8, 2026 / 12:16 PM IST

लखीमपुर खीरी, आठ जून (भाषा) दुधवा बफर जोन के धौरहरा वन रेंज क्षेत्र में तेंदुए के हमले में सात वर्षीय एक बालक की मौत हो गई। अधिकारियों ने सोमवार को यह जानकारी दी।

अधिकारियों के अनुसार, ईसानगर थाना क्षेत्र के लालजीपुरवा गांव का निवासी शुभम (सात वर्ष) रविवार शाम अपने पिता के साथ खेत की सिंचाई के लिए जा रहा था। इसी दौरान एक तेंदुए ने उस पर हमला कर दिया।

बालक के पिता और आसपास मौजूद लोगों ने शोर मचाकर बच्चे को बचाया तथा तेंदुए को भगा दिया। हमले में शुभम गंभीर रूप से घायल हो चुका था। उसे तत्काल खमरिया सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र ले जाया गया, जहां उपचार के दौरान उसकी मृत्यु हो गई।

दुधवा बफर जोन की उपनिदेशक कीर्ति चौधरी ने घटना की पुष्टि करते हुए बालक की मृत्यु पर शोक व्यक्त किया। उन्होंने बताया कि क्षेत्र में वन विभाग की टीमों को तैनात किया गया है तथा तेंदुए को पकड़ने के लिए पिंजरे और कैमरे लगाए गए हैं। मामले की विस्तृत जांच की जा रही है और रिपोर्ट मिलने के बाद आगे की कार्रवाई की जाएगी।

वन विभाग के आंकड़ों के अनुसार, इस वर्ष दुधवा बफर जोन में बाघ प्रजाति के वन्यजीवों के हमलों में यह सातवीं मानव मृत्यु है। इनमें तेंदुए के हमलों में छह तथा बाघ के हमले में एक व्यक्ति की जान गई है। तेंदुए के हमलों में आधा दर्जन से अधिक लोग घायल भी हुए हैं।

घटना के बाद उपजिलाधिकारी (एसडीएम) मनोज तिवारी ने मौके का दौरा कर ग्रामीणों से बातचीत की। उन्होंने बताया कि क्षेत्र में गश्त बढ़ा दी गई है और लोगों को शाम तथा रात के समय अकेले बाहर न निकलने की सलाह दी गई है।

बालक की मौत से आक्रोशित ग्रामीणों ने लालजीपुरवा गांव के निकट खमरिया-ईसानगर मार्ग पर प्रदर्शन कर तेंदुए को शीघ्र पकड़ने की मांग की। सूचना मिलने पर धौरहरा के पुलिस उपाधीक्षक शमशेर बहादुर सिंह पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंचे और ग्रामीणों को शांत कराया।

धौरहरा से भाजपा विधायक विनोद शंकर अवस्थी ने भी घटनास्थल पहुंचकर शोक संतप्त परिवार को सांत्वना दी। उन्होंने ग्रामीणों को भरोसा दिलाया कि वन विभाग आवश्यक कार्रवाई करेगा तथा तेंदुए को जल्द पकड़ने के प्रयास किए जा रहे हैं।

प्रशासन और जनप्रतिनिधियों के आश्वासन के बाद ग्रामीणों ने अपना विरोध प्रदर्शन समाप्त कर दिया और परिजनों ने शव को पोस्टमॉर्टम के लिए सौंप दिया।

भाषा सं जफर मनीषा

मनीषा