केरल उच्च न्यायालय से अथिरप्पिल्ली में अनानास की खेती पर रोक लगाने का आग्रह

केरल उच्च न्यायालय से अथिरप्पिल्ली में अनानास की खेती पर रोक लगाने का आग्रह

केरल उच्च न्यायालय से अथिरप्पिल्ली में अनानास की खेती पर रोक लगाने का आग्रह
Modified Date: February 19, 2026 / 12:46 pm IST
Published Date: February 19, 2026 12:46 pm IST

कोच्चि, 19 फरवरी (भाषा) केरल उच्च न्यायालय में एक याचिका दायर कर पर्यावरणीय खतरा पैदा होने का दावा करते हुए अथिरप्पिल्ली और कल्लाल बागानों में अनानास की खेती पर रोक लगाने का आग्रह किया गया है।

वन्यजीव कार्यकर्ता एंजेल्स नायर द्वारा दायर जनहित याचिका में दावा किया गया कि वन विभाग के निषेध आदेश और आपत्ति के बावजूद ‘केरल प्लांटेशन कॉर्पोरेशन’ द्वारा अनानास की खेती की जा रही है।

नायर के अनुसार, वन विभाग और ‘प्लांटेशन कॉर्पोरेशन’ के बीच 1970 में हुए 50 साल के पट्टा समझौते की अवधि छह साल पहले समाप्त हो जाने के बावजूद काम जारी है।

याचिका में दावा किया गया, ‘‘अनानास की एकल खेती के लिए भारी मात्रा में उपयोग किए जा रहे रासायनिक उर्वरक और कीटनाशक चालकुडी नदी में चले जाते हैं।’’

इसमें कहा गया, ‘‘अनानास के खेत के कारण मिट्टी का कटाव, भोजन एवं चारे की कमी, मानव-वन्यजीव संघर्ष में वृद्धि होती है, जबकि इसमें उपयोग किए जा रहे कीटनाशक यहां चालकुडी नदी को प्रदूषित कर बड़ा पर्यावरणीय जोखिम पैदा करते हैं, जिससे 30 लाख की आबादी और लाखों वनस्पतियों तथा जीवों के स्वास्थ्य को खतरा है।’’

भाषा यासिर नेत्रपाल

नेत्रपाल


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