तिरुवनंतपुरम, 26 मार्च (भाषा) केरल के मुख्यमंत्री पिनराई विजयन ने बृहस्पतिवार को मुख्य निर्वाचन अधिकारी (सीईओ) को पत्र लिखकर ‘भाजपा की मुहर’ से संबंधित मामले पर प्रतिक्रिया व्यक्त करने वालों के खिलाफ उठाए गए कदम की निंदा की।
यह विवाद निर्वाचन आयोग की ओर से केरल के राजनीतिक दलों के लिए जारी अधिसूचना से जुड़ा है, जिसपर कथित तौर पर भाजपा के कार्यालय की मुहर लगी थी।
राजनीतिक दलों ने निर्वाचन आयोग की आलोचना की थी, और कई लोगों ने इस मामले को लेकर सोशल मीडिया सवाल उठाए थे। इसके बाद पुलिस ने नोटिस जारी करके उन्हें पोस्ट हटाने का निर्देश दिया।
मुख्यमंत्री ने अपने पत्र में कहा कि ऐसा माना जा रहा है कि पुलिस ने निर्वाचन आयोग के अनुरोध पर ये नोटिस जारी किए।
उन्होंने कहा कि एक लोकतांत्रिक देश में ऐसे मामलों पर जनता की ओर से राय व्यक्त किया जाना या आलोचना होना स्वाभाविक है और जब तक यह आलोचना शिष्टता की सीमा पार नहीं करती या अपमानजनक या व्यक्तिगत नहीं होती, इसे अभिव्यक्ति की स्वतंत्रता माना जाना चाहिए।
विजयन ने कहा कि निर्वाचन आयोग जैसी संवैधानिक संस्था की गरिमा हमेशा बनाए रखी जानी चाहिए और उसके कार्यों में पूरी तरह से राजनीतिक निष्पक्षता झलकनी चाहिए।
उन्होंने कहा, “केवल इसी तरीके से आयोग वह सम्मान हासिल कर सकता है जिसका वह हकदार है।”
भाषा जोहेब नरेश
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