नवसारी, आठ सितंबर (भाषा) प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने मंगलवार को गुजरात के मुख्यमंत्री के रूप में अपने शुरुआती दिनों को याद किया, जब वह बालिका शिक्षा को बढ़ावा देने के लिए भीषण गर्मी में गांव-गांव जाते थे।
मोदी ने कहा कि बाद में उन्हीं लड़कियों को नर्स बनते और उच्च शिक्षा हासिल करते देख जो संतोष मिला, वह मुख्यमंत्री या प्रधानमंत्री का पद संभालने से मिलने वाले संतोष से कहीं अधिक था।
अक्टूबर 2001 से मई 2014 तक गुजरात के मुख्यमंत्री रहे मोदी ने कहा कि पद संभालने के शुरुआती वर्षों में वह ‘कन्या केलवणी’ को बढ़ावा देने के लिए जून के महीने में गांव-गांव जाते थे, जब तापमान 44 डिग्री सेल्सियस तक पहुंच जाता था। ‘कन्या केलवणी’ उनकी सरकार का बालिका शिक्षा और स्कूलों में नामांकन बढ़ाने का प्रमुख अभियान था।
प्रधानमंत्री ने ये बात दक्षिण गुजरात के नवसारी शहर में सत्तारूढ़ दल के नये कार्यालय ‘नमो कमलम’ का उद्घाटन करने के बाद भाजपा कार्यकर्ताओं और आम लोगों को संबोधित करते हुए कही। अत्याधुनिक इमारत नवसारी जिले में भाजपा के नये कार्यालय के रूप में काम करेगी।
उन्होंने सभा को संबोधित करते हुए कहा, ‘‘जब मैं पहली बार गुजरात का मुख्यमंत्री बना और आपने मुझे सेवा का अवसर दिया, तब शुरुआती वर्षों में मैंने जून की भीषण गर्मी में, 44 डिग्री सेल्सियस तापमान के बीच गांवों में जाना शुरू किया।’’
मोदी ने कहा, ‘‘उस समय गांवों में चौबीसों घंटे बिजली नहीं होती थी, इसलिए पंखे भी बहुत कम चलते थे। मैं बालिका शिक्षा (कन्या केलवणी अभियान) के लिए गांव-गांव गया, छोटी बच्चियों का हाथ पकड़कर उन्हें स्कूल ले गया और उनके माता-पिता से उन्हें पढ़ाने का आग्रह किया।’’
प्रधानमंत्री ने कहा कि उनके प्रयास साल-दर-साल जारी रहे और इस अभियान का असर काफी बाद में दिखाई दिया, जब वह उन्हीं गांवों में दोबारा गए।
उन्होंने कहा, ‘‘उस समय (बालिका शिक्षा को बढ़ावा देने में) मुझे अपार खुशी मिलती थी। यह सरल और शांत तरीके से किया जाने वाला काम था-न तो अखबारों की सुर्खियों के लिए और न ही टेलीविजन कैमरों के लिए।’’
मोदी ने कहा, ‘‘आज जब मैं प्रधानमंत्री के रूप में किसी गांव में जाता हूं तो वही लड़कियां, जिन्हें मैं कभी स्कूल ले जाता था-अब 18, 20 या 22 साल की हो गई हैं-पुरानी तस्वीरें हाथ में लेकर मेरे पास आती हैं और गर्व से कहती हैं, ‘साहब, आप मुझे स्कूल लेकर गए थे और आज मैं नर्स बन गई हूं; आज मैं अंतिम वर्ष की पढ़ाई कर रही हूं।’’
मोदी ने कहा कि ऐसे अनुभवों ने उनके इस विश्वास को और मजबूत किया है कि निस्वार्थ जनसेवा कभी व्यर्थ नहीं जाती।
उन्होंने कहा, ‘‘जरा सोचिए कि वह तपस्या कितनी सार्थक और मूल्यवान लगती होगी। मुख्यमंत्री या प्रधानमंत्री के रूप में बिताए वर्षों से भी बढ़कर, 18-20 साल बाद जंगलों में रहने वाले किसी गरीब आदिवासी परिवार की उस बच्ची से मिलना जीवन का सबसे गहरा संतोष देता है।’’
प्रधानमंत्री ने कहा कि यही भावना भाजपा कार्यकर्ताओं और पार्टी संगठन का मार्गदर्शन करनी चाहिए तथा सत्ता और पद लोगों की सेवा के साधन होने चाहिए।
उन्होंने कहा कि भाजपा ने अपने कार्यकर्ताओं में यह विश्वास पैदा किया है कि समाज सर्वोपरि है और लोगों की सेवा उनके जीवन का स्वाभाविक हिस्सा बननी चाहिए।
भाजपा के वरिष्ठ नेता मोदी ने कहा, ‘‘हमारे लिए समाज सर्वोपरि है। मेरे लिए जनता जनार्दन ईश्वर का स्वरूप है।’’
मोदी ने रेहड़ी-पटरी वालों के लिए सरकार की कल्याणकारी पहलों का उल्लेख करते हुए कहा कि सरकार ने बैंक खाते, बिना गारंटी के ऋण और डिजिटल भुगतान की सुविधाएं उपलब्ध कराकर उन्हें साहूकारों पर निर्भरता से मुक्त करने का प्रयास किया है।
उन्होंने कहा कि शुरू में लिए गए 15,000 रुपये के ऋण को समय पर चुकाने वाले रेहड़ी-पटरी वालों को बाद में 30,000 रुपये और फिर 50,000 रुपये का ऋण मिल सकता है।
उन्होंने कहा, ‘‘पहले परिवार में केवल एक व्यक्ति कमाता था, अब दो लोग कमाने लगे हैं। पहले उनके पास लकड़ी की रेहड़ियां थीं, अब स्थायी दुकानें हैं। पहले वे रोज सामान लाते थे, अब एक सप्ताह का सामान रखने लगे हैं। उनकी जिंदगी बदल गई है।’’
उन्होंने नवसारी जिले के भाजपा कार्यकर्ताओं से यह सुनिश्चित करने का आग्रह किया कि ऐसी कल्याणकारी योजनाओं से कोई भी रेहड़ी-पटरी वाला वंचित न रहे।
मोदी ने जिले के स्वच्छता अभियान की सराहना करते हुए कहा कि लोगों की भागीदारी से विकास के प्रयासों को स्थायी बनाया जा सकता है।
उन्होंने कहा, ‘‘हम इसे अपना स्वाभाविक स्वभाव बनाना चाहते हैं। हम स्वच्छता को अपना स्वाभाविक गुण बनाना चाहते हैं।’’
नवसारी में नवनिर्मित ‘नमो कमलम’ कार्यालय का उल्लेख करते हुए मोदी ने कहा कि यह भवन जनसेवा का केंद्र बनना चाहिए और ऐसा स्थान होना चाहिए जहां परेशान लोग मदद की उम्मीद लेकर आ सकें।
उन्होंने सभा में कहा, ‘‘भवन बनाना मुश्किल नहीं है। लेकिन इस भवन के माध्यम से हमने जिस सेवा की परंपरा को विकसित किया है, उसका व्यापक विस्तार और पहुंच सुनिश्चित होनी चाहिए।’’
मोदी ने नवसारी में पार्टी कार्यकर्ताओं ने वर्षों से लोगों का जबरदस्त समर्थन मिलने के बावजूद विकास के लिए काम करना जारी रखा।
मोदी ने कहा, ‘‘भाजपा का एक सामान्य जमीनी कार्यकर्ता भी कभी सत्ता के नशे में नहीं रहा। इतने वर्षों और लोगों से इतना प्यार मिलने के बावजूद हमारे कार्यकर्ताओं ने जनसेवा का मार्ग मजबूती से थामे रखा है।’’
प्रधानमंत्री ने कहा, ‘‘हमारे लिए सत्ता सेवा के लिए है। संगठन सेवा के लिए है। पद सेवा के लिए है। प्रतिष्ठा सेवा के लिए है। व्यवस्थाएं सेवा के लिए हैं। हर व्यक्ति की सेवा करना ही शासन को संवेदनशील बनाता है।’’
मोदी ने याद किया कि नवसारी ने 2019 में भाजपा नेता एवं केंद्रीय मंत्री सी आर पाटिल को देश में सबसे बड़े जीत के अंतर से निर्वाचित करके राष्ट्रीय रिकॉर्ड बनाया था।
पाटिल ने 2019 के लोकसभा चुनाव में नवसारी सीट पर 6.89 लाख मतों के भारी अंतर से जीत दर्ज की थी, जो उस वर्ष देश में सबसे बड़ा जीत का अंतर था।
मोदी ने कहा, ‘‘जब ऐसी उपलब्धियां और लोगों का इतना प्यार मिलता है तो कोई भी व्यक्ति थोड़ा रुकने और आराम करने के बारे में सोच सकता है। लेकिन नहीं… यह भारतीय जनता पार्टी है। हमारे लिए ‘आराम हराम है’… यह महज एक नारा नहीं है। हमारा प्रत्येक कार्यकर्ता लोगों की सेवा में दिन-रात जुटा रहता है और हरसंभव प्रयास करता है।’’
भाषा अमित पवनेश
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