E Attendance for Teachers News: शिक्षकों को ई-अटेंडेंस से मिली राहत, नहीं लगने पर अब नहीं रुकेगा शिक्षकों का वेतन! नेटवर्क की समस्या को देखते हुए शिक्षा विभाग ने लिया बड़ा फैसला

E Attendance Teacher MP: शिक्षकों को ई-अटेंडेंस से मिली राहत, नहीं लगने पर अब नहीं रुकेगा शिक्षकों का वेतन! नेटवर्क की समस्या को देखते हुए शिक्षा विभाग ने लिया बड़ा फैसला

E Attendance for Teachers News: शिक्षकों को ई-अटेंडेंस से मिली राहत, नहीं लगने पर अब नहीं रुकेगा शिक्षकों का वेतन! नेटवर्क की समस्या को देखते हुए शिक्षा विभाग ने लिया बड़ा फैसला

E Attendance for Teachers News: शिक्षकों को ई-अटेंडेंस से मिली राहत, नहीं लगने पर अब नहीं रुकेगा शिक्षकों का वेतन! नेटवर्क की समस्या को देखते हुए शिक्षा विभाग ने लिया बड़ा फैसला / Image: AI Generated

Modified Date: September 11, 2026 / 10:44 am IST
Published Date: September 11, 2026 10:42 am IST
HIGHLIGHTS
  • ई-अटेंडेंस नहीं लगने पर शिक्षकों का वेतन नहीं रोका जाएगा
  • नियमित शिक्षकों के साथ अतिथि शिक्षकों को भी नई व्यवस्था का लाभ मिलेगा
  • पूरे महीने का वेतन नहीं रोका जा सकेगा

भोपाल: E Attendance Teacher MP सरकार ने सभी सरकारी कर्मचारियों के लिए ई-अटेंडेंस अनिवार्य कर दिया है, लेकिन दूरस्थ अंचल में पदस्थ कर्मचारियों के लिए ये मुसीबत का सबब बना हुआ है। ऐसा ​इसलिए क्योंकि नेटवर्क की समस्या के चलते कर्मचारी अपना अटेंडेंस नहीं लगा पा रहे थे। वहीं नेटवर्क की तलाश में कर्मचारियों का पेड़ पर चढ़कर अटेंडेंस लगाने के भी वीडियो सामने आ चुके हैं। ऐसे में लोक शिक्षण संचालनालय ने बड़ा फैसला लेते हुए शिक्षकों को ई-अटेंडेंस से बड़ी राहत दी है। लोक शिक्षण आयुक्त ने स्पष्ट कर दिया है कि केवल ऑनलाइन उपस्थिति दर्ज नहीं होने के आधार पर किसी कर्मचारी का वेतन नहीं रोका जाएगा।

शिक्षकों को ई-अटेंडेंस से बड़ी राहत

E Attendance Teacher MP ई-अटेंडेंस को लेकर लोक शिक्षण आयुक्त ने कहा है कि केवल ऑनलाइन उपस्थिति दर्ज नहीं होने के आधार पर किसी कर्मचारी का वेतन नहीं रोका जाएगा। तकनीकी समस्या के कारण ई-अटेंडेंस नहीं लग पाने को सीधे अनुपस्थिति नहीं माना जाएगा। आयुक्त लोक शिक्षण अभिषेक सिंह ने वीडियो कांफ्रेंसिंग में प्रदेश के जिला शिक्षा अधिकारियों को इस संबंध में निर्देश दिए हैं। इसके बाद जिलों में डीईओ ने संकुल प्राचार्यों को निर्देश जारी कर व्यवस्था का पालन करने को कहा है। खास बात यह है कि यह राहत नियमित शिक्षकों के साथ अतिथि शिक्षकों को भी दी गई है।

नहीं कटेगी पूरे महीने की सैलरी

उन्होंने आगे कहा कि ई-अटेंडेंस व्यवस्था में कई बार शिक्षक स्कूल में मौजूद रहने के बावजूद अपनी उपस्थिति दर्ज नहीं कर पाते। नेटवर्क नहीं आने, एप में तकनीकी खामी, लॉगिन की परेशानी, लोकेशन दर्ज नहीं होने या अन्य तकनीकी कारणों से उपस्थिति छूट जाती है। अब ऐसी स्थिति में केवल ई-अटेंडेंस नहीं लगने को कर्मचारी की गैरहाजिरी का आधार बनाकर वेतन रोकने की कार्रवाई नहीं की जा सकेगी। विभाग ने स्पष्ट किया है कि तकनीकी विफलता और वास्तविक अनुपस्थिति को अलग-अलग देखा जाएगा।

अतिथि शिक्षकों को भी मिलेगी छूट

आयुक्त ने यह भी स्पष्ट किया है कि ई-अटेंडेंस नहीं लगने या एक-दो दिन अनुपस्थित रहने पर शिक्षक या अतिथि शिक्षक का पूरे महीने का वेतन नहीं रोका जाएगा। यदि अनुपस्थिति सामने आती है तो संकुल प्राचार्य संबंधित शिक्षक को स्पीकिंग ऑर्डर जारी कर कारण पूछेंगे। जवाब और उपलब्ध तथ्यों के आधार पर नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी। यानी अब ई-अटेंडेंस में एक-दो दिन की कमी को आधार बनाकर सीधे पूरे महीने के वेतन पर रोक लगाने की कार्रवाई नहीं होगी।

तकनीकी खामी का खामियाजा कर्मचारी नहीं उठाएंगे

विभाग ने यह भी साफ किया है कि तकनीकी समस्या के कारण वेतन नहीं रोकने का मतलब ई-अटेंडेंस से छूट नहीं है। शिक्षकों और अतिथि शिक्षकों के लिए ई-अटेंडेंस दर्ज करना अनिवार्य रहेगा। सभी को निर्धारित व्यवस्था के तहत ऑनलाइन उपस्थिति दर्ज करनी होगी। आयुक्त के मुताबिक प्रदेश में फिलहाल करीब 99 प्रतिशत शिक्षक और अतिथि शिक्षक ई-अटेंडेंस लगा रहे हैं। विभाग का कहना है कि व्यवस्था लागू रहेगी, लेकिन तकनीकी खामी के कारण कर्मचारी को अनुपस्थित मानकर वेतन रोकना उचित नहीं होगा।

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