सनातन पर टिप्पणी से जनता के आक्रोश का अहसास होने पर विपक्षी गठबंधन ने रैली को निरस्त किया: सिंधिया

सनातन पर टिप्पणी से जनता के आक्रोश का अहसास होने पर विपक्षी गठबंधन ने रैली को निरस्त किया: सिंधिया

Modified Date: September 17, 2023 / 05:43 pm IST
Published Date: September 17, 2023 5:43 pm IST

ग्वालियर (मप्र), 17 सितंबर (भाषा) केन्द्रीय नागरिक उड्डयन मंत्री ज्योतिरादित्य सिंधिया ने रविवार को कहा कि विपक्षी दलों के गठबंधन ‘इंडियन नेशनल डेवलपमेंट इंक्लूसिव अलायंस’ (‘इंडिया’) ने भोपाल में अगले महीने होने वाली अपनी प्रस्तावित रैली को निरस्त इसलिए किया है, क्योंकि उन्हें सनातन के खिलाफ इस गठबंधन के नेताओं के दिए बयान पर जनता के आक्रोश का अहसास हो गया है।

उन्होंने कहा कि जिस गठबंधन ने यह ठान लिया है कि वह महात्मा गांधी के सनातन धर्म को समाप्त करेगी, उस गठबंधन को खत्म करने का काम देश की 140 करोड़ जनता करेगी।

सिंधिया रविवार को ग्वालियर में विश्वकर्मा जयंती के कार्यक्रम में हिस्सा लेने आए थे। इस दौरान उन्होंने मीडिया से बातचीत की।

जब उनसे विपक्षी गठबंधन ‘इंडिया’ द्वारा भोपाल में प्रस्तावित अपनी रैली को निरस्त करने पर टिप्पणी को कहा गया तो सिंधिया ने कहा, ‘‘विपक्षी गठबंधन सनातन धर्म को नष्ट करना, देश भर में भ्रष्टाचार फैलाना, वंशवादी राजनीति और तुष्टिकरण करना चाहता है। लेकिन उसे अहसास हो गया कि जनता का आक्रोश उनके प्रति व्यापक है, इसलिए यह कार्यक्रम निरस्त किया।’’

विपक्षी गठबंधन ‘इंडिया’ का मध्य प्रदेश की राजधानी भोपाल में अक्टूबर के पहले सप्ताह में एक रैली करने का कार्यक्रम था।

विपक्षी गठबंधन ‘इंडिया’ द्वारा कुछ टीवी एंकर का बहिष्कार करने पर सिंधिया ने कहा, ‘‘प्रजातंत्र के चौथे स्तंभ के साथ ऐसा खिलवाड़ और भेदभाव करना, कांग्रेस के डीएनए में है। संविधान बार-बार नष्ट करने वाली कोई पार्टी है, तो वो कांग्रेस है।’’

मध्य प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष कमलनाथ ने एक दिन पहले कहा था कि अक्टूबर में भोपाल में विपक्षी गठबंधन ‘इंडिया’ की प्रस्तावित रैली रद्द कर दी गई है। वहीं, मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान ने दावा किया कि यह कदम द्रविड़ मुनेत्र कषगम (द्रमुक) नेताओं द्वारा सनातन धर्म के खिलाफ की गई टिप्पणी पर जनता के गुस्से के कारण उठाया गया है।

द्रमुक नेता उदयनिधि स्टालिन ने हाल में कहा था कि सनातन धर्म सामाजिक न्याय के खिलाफ है और इसे खत्म किया जाना चाहिए।

उन्होंने सनातन धर्म की तुलना कोरोना वायरस, मलेरिया और डेंगू वायरस तथा मच्छरों से होने वाले बुखार से करते हुए कहा था कि ऐसी चीजों का विरोध ही नहीं किया जाना चाहिए, बल्कि उन्हें नष्ट किया जाना चाहिए।

द्रमुक के एक अन्य नेता ए राजा ने सनातन धर्म की तुलना कुष्ठ रोग जैसी बीमारियों से की थी।

मध्य प्रदेश में इस साल के अंत में विधानसभा चुनाव होने हैं।

भाषा सं रावत रावत नोमान

नोमान


लेखक के बारे में