युवा पीढ़ी को ‘धर्म’ पर चर्चा करते देख खुशी हुई : भागवत

युवा पीढ़ी को ‘धर्म’ पर चर्चा करते देख खुशी हुई : भागवत

युवा पीढ़ी को ‘धर्म’ पर चर्चा करते देख खुशी हुई : भागवत
Modified Date: September 18, 2026 / 01:28 pm IST
Published Date: September 18, 2026 1:28 pm IST

उज्जैन, 18 सितंबर (भाषा) राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (आरएसएस) प्रमुख मोहन भागवत ने शुक्रवार को कहा कि उन्हें यह देखकर खुशी हो रही है कि आज की युवा पीढ़ी यानी ‘जेन जी’ ‘धर्म’ पर चर्चा कर रही है, जबकि कुछ लोग इसे बुजुर्गों से जुड़ा विषय मानते हैं।

मध्यप्रदेश के उज्जैन में आयोजित ‘युवा धर्म संसद’ में करीब 1,700 युवा प्रतिभागियों को संबोधित करते हुए भागवत ने कहा कि ‘धर्म’ हमारे डीएनए और आचरण में है तथा यह हमारे कार्यों का मार्गदर्शन करता है।

आरएसएस प्रमुख ने युवाओं से पूर्वाग्रहों को छोड़ने का आह्वान करते हुए कहा कि जो व्यक्ति वास्तव में ‘धर्म’ को समझना चाहता है, उसे पहले से बनी धारणाओं को अलग रखना होगा।

उन्होंने कहा कि ‘अधर्म’ के कारण वनों की कटाई हुई है और यह मानव अस्तित्व के लिए खतरा पैदा करता है।

आयोजकों ने बताया कि युवा धर्म संसद में करीब 300 विद्वान, शिक्षक, शोधकर्ता और धार्मिक नेता हिस्सा लेंगे।

मुख्यमंत्री मोहन यादव 19 सितंबर को कार्यक्रम के समापन सत्र में शामिल होंगे। आयोजकों ने बताया कि यह युवा धर्म संसद का छठा संस्करण है। इससे पहले काशी, अयोध्या, मथुरा, हरिद्वार और कांचीपुरम में इसके आयोजन हो चुके हैं। अगले वर्ष यह कार्यक्रम द्वारका में आयोजित किया जाएगा।

भाषा दिमो मनीषा रंजन

रंजन


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