भोपालः MLA Ajab Singh Kushwaha’s आपके-हमारे जनप्रतिनिधि, जिन्हें जनता खुद चुनकर अधिकार सम्मपन्न बनाती है, जो चुने जाने के पहले और बाद में जनसेवा की कसमें खाते हैं। उनका खुद का उसी आमजनता के प्रति कई बार बड़ा बखेड़ा कर देता है। मध्यप्रदेश में एक बार फिर कुछ चुने हुए जनप्रतिनिधियों का छेड़छाड़, मारपीट और गुंडागर्दी के आरोप लगे हैं। सफाई भी दी गई है और वार-पलटवार का खेल भी चल रहा है। बड़ा सवाल ये कि माननीय अपनी मर्यादा बार-बार क्यों लांघते हैं…रौब दिखाने के लिए, प्रचार के लिए आखिर क्यों माननीयों की कुछ हरकतें बार-बार उनकी और पार्टी की मुश्किलें बढ़ाती हैं।
Read more : भारत दौरे पर आए डेविड मिलर पर टूटा दुखों का पहाड़, बेटी का हुआ निधन, शेयर किया दर्द भरा वीडियो
MLA Ajab Singh Kushwaha’s सतना से कांग्रेस विधायक सिद्धार्थ कुशवाहा पर ऊपर आरोप है कि उन्होंने शराब पीकर ट्रेन में महिला से बदसलूकी की। लेकिन उन्होंने छेड़खानी के आरोपों को सिरे से खारिज कर दिया..वैसे सिद्धार्थ कुशवाहा के साथ कोतमा विधायक सुनील सराफ पर भी महिला से छेड़खानी का आरोप लगा है। दोनों के विरोध में सतना और कोतमा में पुतले जलाकर प्रदर्शन भी हुए। कांग्रेस विधायकों पर छेड़खानी के आरोपों ने पार्टी की मुश्किल बढ़ा दी है। बीजेपी जहां मामले को लेकर कांग्रेस पर हमलावर है तो कांग्रेस अपने विधायकों के पक्ष में खुलकर उतर आई है।
Read more : भयानक हादसा: अनियंत्रित होकर पलटी तेज रफ्तार कार, गंभीर रूप से घायल हुई जनपद पंचायत अध्यक्ष
कांग्रेस विधायकों के ट्रेन में महिला से छेड़छाड़ का मुद्दा थमा भी नहीं था। सुमावली विधायक अजब सिंह कुशवाह की गुंडागर्दी का वीडियो सामने आया है। टोल नाका में हुए एक विवाद के बाद उन्होंने अपने ही कार्यकर्ताओं से मारपीट की। वीडियो सामने आने के बाद काफी बवाल मचा है। वैसे ये पहली बार नहीं है, जब किसी जनप्रतिनिधि पर ऐसे गंभीर आरोप लगे हैं..कई ऐसी घटनाएं हुई हैं। जब विधायकों ने लक्ष्मण रेखा को पार किया है। अब सवाल ये है कि लोकतंत्र में जो जनता नेता चुनती है और अपनी सामूहिक ताक़त उसे सौंपती है। बाद में वो ही जनप्रतिनिधि सब कुछ ताक पर रखकर बार-बार लक्ष्मण रेखा क्यों पार करते हैं?