Fast Track Court for Ketan Agrawal Murder Case || Image- AI Generated File
पुणे: महाराष्ट्र सरकार ने चर्चित केतन अग्रवाल हत्याकांड में बड़ा फैसला लेते हुए मामले की सुनवाई के लिए फास्ट ट्रैक कोर्ट गठित करने की मंजूरी दे दी है। साथ ही सीनियर एडवोकेट और राज्यसभा सांसद उज्ज्वल निकम को इस मामले में विशेष लोक अभियोजक नियुक्त किया गया है। (Fast Track Court for Ketan Agrawal Murder Case) यह फैसला केतन के पिता विशाल अग्रवाल की मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस से मुलाकात के बाद लिया गया। परिवार ने आरोपियों को फांसी की सजा दिलाने की मांग की, जिस पर मुख्यमंत्री ने तत्काल सुनवाई और सख्त कार्रवाई का भरोसा दिया है।.
#WATCH | Pune | Ketan Agarwal murder case | The deceased’s father, Vishal Agarwal, met Maharashtra CM Devendra Fadnavis in Pune today. He says, “I have urged the CM that the accused should at least get the death penalty. The CM assured me that this case will be fast-tracked. I… pic.twitter.com/qWrRH1XIyY
— ANI (@ANI) June 26, 2026
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विशाल अग्रवाल ने कहा कि उन्होंने मुख्यमंत्री से आरोपियों को फांसी देने की मांग की है। उन्होंने बताया कि उन्हें जानकारी दी गई है कि मामले की जांच के लिए एसआईटी का गठन भी किया गया है। उन्होंने यह भी कहा कि केतन सिर पर छोटा-सा हेयर पैच (विग) इस्तेमाल करता था और यह बात सिया के परिवार को पहले से पता थी। उन्होंने सवाल उठाया कि क्या यह किसी की हत्या का कारण हो सकता है। उनके अनुसार, लोहागढ़ किले पर ट्रेकिंग के लिए जाने की इच्छा सिया की थी।
उज्ज्वल निकम ने बताया कि मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस का फोन आने के बाद उन्होंने यह जिम्मेदारी स्वीकार की। उन्होंने कहा कि यह मामला पूरे देश को झकझोर देने वाला है और कानून के अनुसार दोषियों को सजा दिलाने की पूरी कोशिश की जाएगी। (Fast Track Court for Ketan Agrawal Murder Case) निकम ने कहा कि फिलहाल पुलिस जांच जारी है और आरोप पत्र दाखिल होने के बाद ही जांच की पूरी तस्वीर सामने आएगी।
सिया गोयल के वकील आशीष श्रीवास्तव ने कहा कि पुलिस पहले इस मामले की जांच दुर्घटना के रूप में कर रही थी, लेकिन बाद में हत्या के एंगल से जांच शुरू की गई। उनका दावा है कि सिया जांच में पूरा सहयोग कर रही है और अभी तक उसके खिलाफ कोई स्वतंत्र प्रत्यक्षदर्शी गवाह नहीं है। उन्होंने कहा कि 29 जून को अदालत में न्यायिक हिरासत की मांग की जाएगी।
पुलिस के अनुसार, 18 जून को केतन अग्रवाल अपनी मंगेतर सिया गोयल के साथ लोहागढ़ किले पहुंचे थे। जांच में आरोप है कि पहले से तय योजना के तहत सिया के कथित इशारे पर सह-आरोपी चेतन चौधरी ने केतन को पीछे से धक्का देकर खाई में गिरा दिया। (Fast Track Court for Ketan Agrawal Murder Case) इसके बाद सिया ने मौके पर मौजूद लोगों से मदद मांगी। पुलिस इस मामले की हत्या के एंगल से जांच कर रही है।
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इस मामले पर अभिनेत्री और सांसद कंगना रनौत ने भी प्रतिक्रिया दी है। उन्होंने सोशल मीडिया पर लिखा कि बच्चों के अपराधों के लिए हमेशा माता-पिता को जिम्मेदार नहीं ठहराया जा सकता। उन्होंने कहा कि आज के समय में सोशल मीडिया, आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस और लोगों का साथ युवाओं के व्यवहार पर गहरा प्रभाव डालता है। उन्होंने कहा कि किसी परिवार का आकलन केवल बच्चों के कार्यों के आधार पर नहीं किया जाना चाहिए।
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