Ketan Agrawal Murder Case New Update: सिया गोयल का बच पाना मुश्किल.. फास्ट ट्रैक कोर्ट में चलेगा केतन के मर्डर का मामला.. आतंकी कसाब को फांसी दिलाने वाला वकील लड़ेगा केस..

Ads

Fast Track Court for Ketan Agrawal Murder Case: केतन अग्रवाल हत्याकांड की सुनवाई फास्ट ट्रैक कोर्ट में होगी, उज्ज्वल निकम विशेष लोक अभियोजक नियुक्त किए गए।

  •  
  • Publish Date - June 26, 2026 / 11:36 PM IST,
    Updated On - June 26, 2026 / 11:49 PM IST

Fast Track Court for Ketan Agrawal Murder Case || Image- AI Generated File

HIGHLIGHTS
  • केतन हत्याकांड फास्ट ट्रैक कोर्ट में चलेगा।
  • उज्ज्वल निकम बने विशेष लोक अभियोजक।
  • एसआईटी जांच और पुलिस कार्रवाई जारी।

पुणे: महाराष्ट्र सरकार ने चर्चित केतन अग्रवाल हत्याकांड में बड़ा फैसला लेते हुए मामले की सुनवाई के लिए फास्ट ट्रैक कोर्ट गठित करने की मंजूरी दे दी है। साथ ही सीनियर एडवोकेट और राज्यसभा सांसद उज्ज्वल निकम को इस मामले में विशेष लोक अभियोजक नियुक्त किया गया है। (Fast Track Court for Ketan Agrawal Murder Case) यह फैसला केतन के पिता विशाल अग्रवाल की मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस से मुलाकात के बाद लिया गया। परिवार ने आरोपियों को फांसी की सजा दिलाने की मांग की, जिस पर मुख्यमंत्री ने तत्काल सुनवाई और सख्त कार्रवाई का भरोसा दिया है।.

IBC24 News के लेटेस्ट Updates और ताजा समाचार के लिए हमारे WhatsApp ग्रुप से जुड़े

परिवार ने की फांसी की मांग

विशाल अग्रवाल ने कहा कि उन्होंने मुख्यमंत्री से आरोपियों को फांसी देने की मांग की है। उन्होंने बताया कि उन्हें जानकारी दी गई है कि मामले की जांच के लिए एसआईटी का गठन भी किया गया है। उन्होंने यह भी कहा कि केतन सिर पर छोटा-सा हेयर पैच (विग) इस्तेमाल करता था और यह बात सिया के परिवार को पहले से पता थी। उन्होंने सवाल उठाया कि क्या यह किसी की हत्या का कारण हो सकता है। उनके अनुसार, लोहागढ़ किले पर ट्रेकिंग के लिए जाने की इच्छा सिया की थी।

उज्ज्वल निकम बोले- कानून का राज कायम रहेगा

उज्ज्वल निकम ने बताया कि मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस का फोन आने के बाद उन्होंने यह जिम्मेदारी स्वीकार की। उन्होंने कहा कि यह मामला पूरे देश को झकझोर देने वाला है और कानून के अनुसार दोषियों को सजा दिलाने की पूरी कोशिश की जाएगी। (Fast Track Court for Ketan Agrawal Murder Case) निकम ने कहा कि फिलहाल पुलिस जांच जारी है और आरोप पत्र दाखिल होने के बाद ही जांच की पूरी तस्वीर सामने आएगी।

बचाव पक्ष का दावा- स्वतंत्र गवाह नहीं

सिया गोयल के वकील आशीष श्रीवास्तव ने कहा कि पुलिस पहले इस मामले की जांच दुर्घटना के रूप में कर रही थी, लेकिन बाद में हत्या के एंगल से जांच शुरू की गई। उनका दावा है कि सिया जांच में पूरा सहयोग कर रही है और अभी तक उसके खिलाफ कोई स्वतंत्र प्रत्यक्षदर्शी गवाह नहीं है। उन्होंने कहा कि 29 जून को अदालत में न्यायिक हिरासत की मांग की जाएगी।

18 जून को हुई थी घटना

पुलिस के अनुसार, 18 जून को केतन अग्रवाल अपनी मंगेतर सिया गोयल के साथ लोहागढ़ किले पहुंचे थे। जांच में आरोप है कि पहले से तय योजना के तहत सिया के कथित इशारे पर सह-आरोपी चेतन चौधरी ने केतन को पीछे से धक्का देकर खाई में गिरा दिया। (Fast Track Court for Ketan Agrawal Murder Case) इसके बाद सिया ने मौके पर मौजूद लोगों से मदद मांगी। पुलिस इस मामले की हत्या के एंगल से जांच कर रही है।

IBC24 News के लेटेस्ट Updates और ताजा समाचार के लिए हमारे Instagram Page को Follow करें

कंगना रनौत की भी आई प्रतिक्रिया

इस मामले पर अभिनेत्री और सांसद कंगना रनौत ने भी प्रतिक्रिया दी है। उन्होंने सोशल मीडिया पर लिखा कि बच्चों के अपराधों के लिए हमेशा माता-पिता को जिम्मेदार नहीं ठहराया जा सकता। उन्होंने कहा कि आज के समय में सोशल मीडिया, आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस और लोगों का साथ युवाओं के व्यवहार पर गहरा प्रभाव डालता है। उन्होंने कहा कि किसी परिवार का आकलन केवल बच्चों के कार्यों के आधार पर नहीं किया जाना चाहिए।

इन्हें भी पढ़ें:-

प्रधानमंत्री मोदी ने बंकिम चंद्र चटोपाध्याय की जयंती पर श्रद्धांजलि दी

असम: कामाख्या मंदिर के कपाट भक्तों के लिए फिर से खुले, अंबुबाची मेला समाप्त

एआई सेवाओं से भारतीय आईटी कंपनियों को 10-12 अरब डॉलर का राजस्व: नासकॉम

अमरनाथ यात्रा : श्रद्धालुओं के लिए सुरक्षित माहौल सुनिश्चित करने को सुरक्षा एजेंसियों का व्यापक अभियान

नौकरी के लालच में बेटे ने पिता की हत्या के लिए भाड़े के हत्यारों को दी सुपारी,गिरफ्तार

जम्मू-कश्मीर : उप राज्यपाल सिन्हा, मुख्यमंत्री अब्दुल्ला ने आशूरा पर इमाम हुसैन को याद किया

Q1. केतन अग्रवाल हत्याकांड में सरकार ने क्या फैसला लिया है?

उत्तर: मामले की सुनवाई फास्ट ट्रैक कोर्ट में कराने और विशेष लोक अभियोजक नियुक्त करने का निर्णय लिया गया है।

Q2. इस मामले में विशेष लोक अभियोजक कौन बनाए गए हैं?

उत्तर: वरिष्ठ अधिवक्ता और राज्यसभा सांसद उज्ज्वल निकम को विशेष लोक अभियोजक नियुक्त किया गया है।

Q3. क्या मामले में अंतिम दोष तय हो गया है?

उत्तर: नहीं, पुलिस जांच जारी है। दोष या निर्दोष होने का फैसला अदालत और न्यायिक प्रक्रिया के बाद होगा।