महाराष्ट्र मंत्रिमंडल ने कृषि ऋण माफी योजना में बदलाव व एमएसआरटीसी भूखंड विकास को मंजूरी दी

महाराष्ट्र मंत्रिमंडल ने कृषि ऋण माफी योजना में बदलाव व एमएसआरटीसी भूखंड विकास को मंजूरी दी

महाराष्ट्र मंत्रिमंडल ने कृषि ऋण माफी योजना में बदलाव व एमएसआरटीसी भूखंड विकास को मंजूरी दी
Modified Date: July 14, 2026 / 10:07 pm IST
Published Date: July 14, 2026 10:07 pm IST

मुंबई, 14 जुलाई (भाषा) महाराष्ट्र मंत्रिमंडल ने मंगलवार को नयी कृषि ऋण माफी योजना में महत्वपूर्ण बदलावों को मंजूरी दे दी, जिसके तहत 2019 की ऋण माफी के लाभार्थियों पर लागू 50,000 रुपये की ऊपरी सीमा सहित प्रमुख शर्तों को हटा दिया गया है।

मंत्रिमंडल ने महाराष्ट्र राज्य सड़क परिवहन निगम (एमएसआरटीसी) की भूमि के पुनर्विकास को गति देने के लिए इन परियोजनाओं को राज्य की सार्वजनिक-निजी भागीदारी (पीपीपी) नीति से छूट देने का भी निर्णय लिया।

मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस की अध्यक्षता में हुई बैठक में मंत्रिमंडल ने ‘पुण्यश्लोक अहिल्यादेवी होल्कर किसान ऋण माफी योजना, 2026’ में संशोधनों को मंजूरी दी जिसके तहत 2019 की ऋण माफी योजना का लाभ उठाने वाले लगभग 13 लाख किसानों पर लागू 50,000 रुपये की सीमा को हटा दिया गया है।

मुख्यमंत्री कार्यालय (सीएमओ) द्वारा जारी एक विज्ञप्ति के अनुसार, इस बदलाव से ये किसान इसके प्रावधानों के अधीन नयी योजना के तहत दो लाख रुपये तक ऋण माफी का लाभ उठा सकेंगे।

इस फैसले से करीब 23 लाख किसानों को फायदा होने की उम्मीद है। मुख्यमंत्री कार्यालय के अनुसार, इस समग्र योजना का उद्देश्य लगभग 56 लाख किसानों को 36,585 करोड़ रुपये की सहायता प्रदान करना है।

एक अन्य बड़े फैसले में, मंत्रिमंडल ने केंद्र के दिशानिर्देशों के अनुरूप उचित संशोधनों के साथ महाराष्ट्र में केंद्र प्रायोजित ‘‘अर्बन चैलेंज फंड’’ (यूसीएफ) को लागू करने को मंजूरी दी जिसका उद्देश्य शहरी स्थानीय निकायों को बाजार-आधारित वित्त संसाधन जुटाने, शासन को मजबूत करने, संस्थागत दक्षता विकास करने और सतत शहरी बुनियादी ढांचे का विकास करने के लिए प्रोत्साहन देना है।

मंत्रिमंडल ने एमएसआरटीसी के स्वामित्व वाली अधिशेष भूमि के पुनर्विकास के लिए महाराष्ट्र पीपीपी नीति से छूट प्रदान की। इसने कहा कि इस फैसले से प्रक्रियात्मक देरी से बचने और परियोजनाओं को गति देने में मदद मिलेगी। परिवहन निगम के पास लगभग 850 स्थानों पर लगभग 3,500 एकड़ भूमि है, जिनमें से कई प्रमुख शहरी क्षेत्रों में हैं।

नकदी संकट से जूझ रहे निगम के लिए आय का स्थायी स्रोत विकसित करने के उद्देश्य से उसकी भूमि को दीर्घकालिक पट्टे पर व्यावसायिक, आवासीय, मिश्रित उपयोग और औद्योगिक परियोजनाओं हेतु विकसित करने का प्रस्ताव है।

बाद में फडणवीस ने संवाददाताओं से कहा कि ऋण माफी योजना से करीब 56 लाख किसानों को फायदा होगा, जिसे उन्होंने ‘‘देश की सबसे बड़ी ऋण माफी’’ बताया।

भाषा खारी अविनाश

अविनाश


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