बलात्कार के आरोपी खरात के साथ संबंध को लेकर महाराष्ट्र महिला आयोग की अध्यक्ष निशाने पर

बलात्कार के आरोपी खरात के साथ संबंध को लेकर महाराष्ट्र महिला आयोग की अध्यक्ष निशाने पर

बलात्कार के आरोपी खरात के साथ संबंध को लेकर महाराष्ट्र महिला आयोग की अध्यक्ष निशाने पर
Modified Date: March 20, 2026 / 05:55 pm IST
Published Date: March 20, 2026 5:55 pm IST

मुंबई, 20 मार्च (भाषा) महाराष्ट्र के विपक्षी दलों ने शुक्रवार को राज्य महिला आयोग की अध्यक्ष रूपाली चाकणकर को एक स्वघोषित अंकशास्त्री के साथ कथित संबंधों को लेकर निशाना बनाया, जिसे नासिक अपराध शाखा ने एक महिला के साथ बलात्कार करने और धार्मिक प्रथाओं की आड़ में कई लोगों का शोषण करने के आरोप में गिरफ्तार किया है।

शिवसेना (उबाठा) की प्रवक्ता सुषमा अंधारे और सामाजिक कार्यकर्ता अंजली दमानिया ने कहा कि चाकणकर को ‘धर्मगुरु’ अशोक खरात के साथ संबंधों के चलते पद से इस्तीफा दे देना चाहिए।

अशोक खरात को ‘कैप्टन’ खरात के नाम से भी जाना जाता है। उसे 24 मार्च तक पुलिस हिरासत में भेज दिया गया है।

प्रदेश कांग्रेस के प्रवक्ता अतुल लोन्धे ने कहा कि खरात मामले की एसआईटी जांच का नेतृत्व अतिरिक्त पुलिस महानिदेशक (एडीजी) रैंक की महिला पुलिस अधिकारी को करना चाहिए।

अंधारे ने कहा कि मामले की सच्चाई सामने लाने के लिए चाकणकर का नार्को टेस्ट कराया जाना चाहिए।

उन्होंने पत्रकारों को बताया कि हस्तरेखा शास्त्र के मुताबिक अनामिका अंगुली सूर्य का प्रतिनिधित्व करती है, जो प्रसिद्धि, रचनात्मकता, नेतृत्व और भाग्य का प्रतीक है। उन्होंने दावा किया कि चाकणकर ने खरात की बातों में आकर अपनी उंगली काट ली थी।

अंधारे ने ऐसी तस्वीरें भी दिखाईं जिनमें चाकणकर की अनामिका उंगली पर पट्टी बंधी हुई दिख रही है।

दमानिया ने पूर्व मर्चेंट नेवी अधिकारी से ज्योतिषी बने व्यक्ति (खरात) के साथ कथित संबंधों के चलते चाकणकर को राज्य महिला आयोग के प्रमुख पद से तत्काल हटाने की मांग की और चेतावनी दी कि अगर 24 घंटे के भीतर कोई कार्रवाई नहीं की गई तो राज्यव्यापी आंदोलन शुरू किया जाएगा।

दमानिया ने दावा किया कि खरात वित्तीय जालसाजी, भूमि हड़पने और आध्यात्मिक प्रथाओं के बहाने महिलाओं का यौन उत्पीड़न करने में लिप्त रहा है।

राज्य की राजनीति के कई नेता वर्षों से खरात से मिलने जाते रहे हैं। खरात को बुधवार को नासिक जिले में एक महिला का तीन साल तक बार-बार यौन उत्पीड़न करने के आरोप में गिरफ्तार किया गया।

दमानिया ने दावा किया कि आरोपी ने विशेषकर आर्थिक रूप से कमजोर वर्ग की महिलाओं का शोषण किया और तथाकथित उपायों और सलाह के माध्यम से धनवान भक्तों से पैसे वसूले।

दमानिया ने कहा कि सत्तारूढ़ राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी (राकांपा) की महिला शाखा की प्रमुख चाकणकर ने खरात का समर्थन किया था।

उन्होंने आश्चर्य व्यक्त किया कि क्या राकांपा प्रमुख एवं उपमुख्यमंत्री सुनेत्रा पवार अपनी पार्टी में ऐसे इंसान को स्वीकार करती हैं।

राकांपा के वरिष्ठ नेता प्रफुल पटेल ने शुक्रवार को गोंदिया में पत्रकारों से कहा कि खरात प्रकरण में शामिल किसी भी व्यक्ति के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाएगी।

चाकणकर ने ‘एक्स’ पर एक पोस्ट में खरात के निजी जीवन या उन पर लगे आरोपों के बारे में किसी भी प्रकार की जानकारी होने से इनकार किया।

सूत्रों के अनुसार, मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने खरात से जुड़े बलात्कार मामले का संज्ञान लिया है और दो सप्ताह पहले उसके खिलाफ कड़ी कार्रवाई के निर्देश दिए।

पैंतीस वर्षीय शिकायतकर्ता ने पुलिस को बताया कि खरात ने उसे अपने कार्यालय में बुलाया और दावा किया कि उसकी भविष्यवाणियों में उसके पति के जीवन को ‘खतरे’ का संकेत मिलता है। शिकायतकर्ता का आरोप है कि खरात उसे बेहोशी की दवा मिला हुआ पेय पदार्थ देता था और नवंबर 2022 एवं दिसंबर 2025 के बीच कई बार उसके साथ बलात्कार किया। उसके बाद खरात को गिरफ्तार कर लिया गया।

चाकणकर के इस्तीफे की मांग तब और तेज हो गई जब यह बात सामने आई कि उन्होंने खरात के साथ अनुष्ठान किए थे। खरात श्री ईशानेश्वर महादेव मंदिर ट्रस्ट का अध्यक्ष भी है, जहां चाकणकर एक सदस्य हैं।

राज्यसभा सदस्य संभाजीराजे छत्रपति ने चाकणकर के इस्तीफे की मांग की है। शिवसेना (उबाठा) सांसद संजय राउत ने जानना चाहा है कि उनका बचाव कौन कर रहा है।

भाषा राजकुमार मनीषा

मनीषा


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