पीएनबी घोटाला: ईडी ने नीरव मोदी के भाइयों को भगोड़ा आर्थिक अपराधी घोषित करने का अनुरोध किया

Ads

पीएनबी घोटाला: ईडी ने नीरव मोदी के भाइयों को भगोड़ा आर्थिक अपराधी घोषित करने का अनुरोध किया

  •  
  • Publish Date - February 11, 2026 / 11:36 PM IST,
    Updated On - February 11, 2026 / 11:36 PM IST

मुंबई, 11 जनवरी (भाषा) प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) ने यहां एक अदालत में आवेदन दायर कर पंजाब नेशनल बैंक (पीएनबी) घोटाले में फरार हीरा कारोबारी नीरव मोदी के भाइयों– नीशाल और नेहाल मोदी को ‘भगोड़ा आर्थिक अपराधी’ (एफईओ) घोषित करने का अनुरोध किया है।

धनशोधन रोकथाम अधिनियम के मामलों की सुनवाई करने वाली विशेष अदालत में हाल में एफईओ अधिनियम के अंतर्गत आवेदन दायर किए गए हैं। न्यायाधीश ए.वी. गुजराती 18 फरवरी को इन मामलों की सुनवाई करेंगे।

किसी व्यक्ति को भगोड़ा आर्थिक अपराधी घोषित किए जाने पर उसकी संपत्ति जब्त या कुर्क की जा सकती है।

ईडी का दावा है कि नेहाल मोदी ने फर्जी कंपनियों और विदेशी लेनदेन के जरिए नीरव की बड़ी मात्रा में धनराशि को इधर-उधर करने और छिपाने में मदद की।

एजेंसी के आरोपपत्र में आरोप लगाया गया है कि नीशाल मोदी 2011 और 2013 के बीच दुबई स्थित कुछ फर्जी कंपनियों में फर्जी साझेदारों की नियुक्ति में शामिल था और उन कंपनियों में हस्ताक्षरकर्ता या लाभार्थी था।

नेहाल मोदी को 2025 में अमेरिका में गिरफ्तार किया गया था और वह ईडी और सीबीआई द्वारा उसके खिलाफ शुरू की गई प्रत्यर्पण कार्यवाही से जूझ रहा है।

इस बीच, ईडी ने नीरव मोदी की कंपनी के वरिष्ठ अधिकारियों– आदित्य नानावती और संदीप मिस्त्री को भी भगोड़ा घोषित करने की मांग की है।

फरार हीरा कारोबारी मेहुल चोकसी और उसके भांजे नीरव मोदी पर पीएनबी के अधिकारियों को रिश्वत देकर फर्जी वचन पत्र (एलओयू) और विदेशी साख पत्र (एफएलसी) का इस्तेमाल करते हुए पीएनबी से 23,780 करोड़ रुपये से अधिक की रकम निकालने का आरोप है।

भाषा राजकुमार नेत्रपाल

नेत्रपाल