मुझे ले जा रहा हेलीकॉप्टर हैलीपैड की जगह पार्किंग में उतरा, लेकिन हादसे का खतरा नहीं था:भुजबल

मुझे ले जा रहा हेलीकॉप्टर हैलीपैड की जगह पार्किंग में उतरा, लेकिन हादसे का खतरा नहीं था:भुजबल

मुझे ले जा रहा हेलीकॉप्टर हैलीपैड की जगह पार्किंग में उतरा, लेकिन हादसे का खतरा नहीं था:भुजबल
Modified Date: April 11, 2026 / 06:54 pm IST
Published Date: April 11, 2026 6:54 pm IST

पुणे, 11 अप्रैल (भाषा) महाराष्ट्र सरकार के मंत्री छगन भुजबल को ले जा रहा एक हेलीकॉप्टर शनिवार को पुणे जिले में निर्धारित हेलीपैड के स्थान पर करीब 1,300 मीटर दूर एक पार्किंग स्थल पर उतरा।

मंत्री ने हालांकि इस घटना को तूल नहीं देते हुए कहा कि यह ‘‘एक सहज लैंडिंग’’ थी और दुर्घटना का कोई खतरा नहीं था।

अपर पुलिस अधीक्षक (पुणे ग्रामीण) गणेश बिरादर ने बताया कि कुछ भ्रम की स्थिति के कारण पायलट ने निर्धारित हेलीपैड से लगभग 1,300 मीटर दूर एक स्थान पर हेलीकॉप्टर को उतारा।

भुजबल ने बाद में संवाददाताओं से कहा कि इस दौरान किसी हादसे की आशंका नहीं थी।

राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी (राकांपा) के वरिष्ठ नेता भुजबल ने कहा, ‘‘पायलट को हेलीपैड दिखाई नहीं दिया और उसने पार्किंग के लिए निर्धारित स्थान पर विमान उतार दिया। लैंडिंग सुचारू रूप से हुई और कोई समस्या नहीं हुई।’’

भुजबल मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस की उपस्थिति में एक मॉडल स्कूल का उद्घाटन करने के लिए यहां पुरंदर जा रहे थे।

फडणवीस ने घटना के बारे में पूछे जाने पर कहा कि पूरे प्रकरण की जांच की जाएगी। उन्होंने कहा,‘‘मेरे पास अभी पूरी जानकारी नहीं है। हालांकि, विस्तृत जांच की जाएगी।’’

इस बीच, राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी (शरदचंद्र पवार)के विधायक रोहित पवार ने इस घटना को गंभीर बताया। उन्होंने सोशल मीडिया मंच पर एक पोस्ट में कहा कि किसी वरिष्ठ नेता के हेलीकॉप्टर का निर्धारित हेलीपैड के बजाय पार्किंग क्षेत्र में उतरना चिंता का विषय है।

उन्होंने कहा, ‘‘इसीलिए मैं लगातार कह रहा हूं कि विशिष्ट व्यक्तियों को यात्रा करते समय सावधानी बरतनी चाहिए। कई विमान और हेलीकॉप्टर रखरखाव संबंधी कमियों और अन्य तकनीकी खामियों सहित कई समस्याओं का सामना कर रहे हैं।’’

पवार ने कहा कि सौभाग्य से आज एक दुर्घटना टल गई, लेकिन इस तरह की लापरवाही उचित नहीं है। उन्होंने कहा कि सरकार को भविष्य में हवाई यात्रा की व्यवस्था करते समय उचित सावधानी बरतनी चाहिए।

भाषा धीरज माधव

माधव


लेखक के बारे में