क्रिकेट अंपायरों और अधिकारियों के लिए एमसीसी ने आयोजित की कार्यशाला
क्रिकेट अंपायरों और अधिकारियों के लिए एमसीसी ने आयोजित की कार्यशाला
…अमित आनंद और हिमांक नेगी….
नयी दिल्ली, 30 सितंबर (भाषा) मेरिलबोन क्रिकेट क्लब (एमसीसी) की ओर से क्रिकेट के नियमों में किये गये नये बदलावों को एक अक्टूबर से लागू किया जाएगा जिसके मद्देनजर एमसीसी ने दिल्ली में अंपायरों और क्रिकेट अधिकारियों के लिए विशेष कार्यशाला आयोजित की, जिसमें नये नियमों में किए गए बदलावों की जानकारी देने के साथ उनके सवालों का जवाब भी दिया गया। इस मौके पर हिन्दी में ‘लॉज ऑफ क्रिकेट’ ऐप भी लॉन्च किया गया। एमसीसी के क्रिकेट प्रमुख फ्रेजर स्टीवर्ट ने कहा कि संस्था का उद्देश्य क्रिकेट के नियमों को दुनिया भर के खिलाड़ियों, अधिकारियों और प्रशंसकों के लिए अधिक सरल, स्पष्ट और सुलभ बनाना है। स्टीवर्ट ने ‘भाषा’ से कहा, ‘‘ एमसीसी ने अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट परिषद (आईसीसी) के साथ मिलकर क्रिकेट के नियमों का कई भाषाओं में अनुवाद किया है। एमसीसी का नया ‘लॉज ऑफ क्रिकेट’ ऐप भी लॉन्च किया गया है, जिसमें नियम अंग्रेजी, हिंदी और उर्दू में उपलब्ध हैं।’’ उन्होंने कहा कि भारत की अन्य भाषाओं में भी नियम उपलब्ध कराने पर काम जारी है। उन्होंने कहा, ‘‘ क्रिकेट एक जटिल खेल है और कई बार इसके नियमों को समझना मुश्किल हो सकता है। इसी को ध्यान में रखते हुए एमसीसी ने नयी वेबसाइट, ऐप और ‘ई-लर्निंग प्लेटफॉर्म’ शुरू किये हैं, ताकि लोग नियमों को आसानी से समझ सकें।’’ इस दौरान अंपायारों को विभिन्न परिस्थितियों से जुड़ी मैचों के वीडियों दिखाकर उन्हें नये नियमों से अवगत कराया गया और उससे जुड़ी उनकी संदेह का जवाब दिया गया। स्टीवर्ट ने आधुनिक क्रिकेट में बल्ले और गेंद के बीच संतुलन बनाए रखने की जरूरत पर भी जोर दिया। उन्होंने कहा, ‘‘ बल्लेबाजों के बढ़ते दबदबे को सीमित करने के उद्देश्य से एमसीसी ने 2017 में बल्ले के लिए निर्धारित अधिकतम आकार में कमी की थी। आधुनिक बल्लेबाजों की बढ़ती ताकत और आक्रामक शैली को देखते हुए बल्ले और गेंद के बीच संतुलित मुकाबला सुनिश्चित करना अब भी महत्वपूर्ण है।’’ उन्होंने कहा, ‘‘ इसी दिशा में नए नियमों में बहुदिवसीय मैच के दिन के अंतिम ओवर से जुड़ा एक महत्वपूर्ण बदलाव किया गया है। नये नियम के अनुसार, दिन के खेल के अंतिम ओवर की आखिरी गेंद से पहले अगर विकेट गिरता है तो नया बल्लेबाज मैदान पर आएगा और उस ओवर की बची हुई गेंदों का सामना करेगा। इससे गेंदबाजी करने वाली टीम को दिन के महत्वपूर्ण चरण में विकेट हासिल करने का अतिरिक्त लाभ मिलेगा।’’ दिल्ली एवं जिला क्रिकेट संघ (डीडीसीए) के निदेशक श्याम शर्मा ने एमसीसी की इस पहल का स्वागत करते हुए कहा, ‘‘ कार्यशाला से अंपायरों और क्रिकेट अधिकारियों को नियमों में हुए ताजा बदलावों से अपडेट रहने में मदद मिलेगी।’’ भाषा आनन्द आनन्द मोनामोना

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