नयी दिल्ली, सात अगस्त (भाषा) पेरिस पैरालंपिक के रजत पदक विजेता ऊंची कूद के खिलाड़ी शरद कुमार ने हाल में ग्लास्गो में हुए राष्ट्रमंडल खेलों में भारतीय पैरा खिलाड़ियों के अब तक के सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन की सराहना करते हुए शुक्रवार को कहा कि अपेक्षाकृत कम वित्तीय सहायता के बावजूद देश के पैरा खिलाड़ी ऐतिहासिक उपलब्धियां हासिल कर रहे हैं।
भारत के पैरा खेलों के दल ने राष्ट्रमंडल खेलों के इतिहास में अपने सबसे सफल अभियान में सात पदक जीते जिसमें तीन स्वर्ण, दो रजत और दो कांस्य पदक शामिल थे।
कुमार ने कहा कि अपेक्षाकृत कम निवेश के बावजूद भारतीय पैरा खिलाड़ी लगातार उम्मीदों से बढ़कर प्रदर्शन कर रहे हैं।
कुमार ने राष्ट्रीय राजधानी में फ्रांसीसी भाषा को बढ़ावा देने के लिए आयोजित छात्र संपर्क कार्यक्रम ‘पैरा एलान – सब का मैदान’ के दौरान कहा, ‘‘पैरा खेलों में अन्य खेलों की तुलना में कम पैसा लगाया जाता है, फिर भी हम शानदार परिणाम दे रहे हैं। जब पैरा खिलाड़ी प्रदर्शन करते हैं तो खेल यह साबित करते हैं कि कोई भी जीत सकता है। ’’
उन्होंने कहा, ‘‘यह पहली बार है कि राष्ट्रमंडल खेलों के पैरा खेलों में स्वर्ण पदक जीते गए हैं। इसी वजह से हमारी रैंकिंग 23वें स्थान से चौथे स्थान पर पहुंच गई। आप समझ सकते हैं कि अंतिम दो स्वर्ण पदकों ने ही हमें शीर्ष चार में पहुंचाने में मदद की। ’’
भारत ने राष्ट्रमंडल खेलों में कुल 39 पदक जीतकर चौथा स्थान हासिल किया।
पैरा खेल वर्ष 2014 में शुरू की गई देश की प्रमुख ‘टारगेट ओलंपिक पोडियम योजना‘ (टॉप्स) का हिस्सा रहे हैं, लेकिन हाल के वर्षों में टॉप्स सूची में शामिल पैरा खिलाड़ियों की संख्या में उल्लेखनीय वृद्धि हुई है।
दुनिया के पूर्व नंबर एक पैरा खिलाड़ी कुमार ने 2021 के तोक्यो पैरालंपिक में भी कांस्य पदक जीता था।
भाषा नमिता मोना
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