सिंधू और लक्ष्य थाईलैंड ओपन से बाहर, सात्विक-चिराग की जोड़ी आगे बढ़ी
सिंधू और लक्ष्य थाईलैंड ओपन से बाहर, सात्विक-चिराग की जोड़ी आगे बढ़ी
बैंकॉक, 15 मई (भाषा) भारत की स्टार बैडमिंटन खिलाड़ी पी वी सिंधू क्वार्टरफाइनल में जापान की शीर्ष वरीयता प्राप्त अकाने यामागुची के खिलाफ एक गेम की बढ़त गंवाकर हार गईं लेकिन सात्विकसाईराज रंकीरेड्डी और चिराग शेट्टी की पुरुषों की युगल जोड़ी शुक्रवार को यहां थाईलैंड ओपन के सेमीफाइनल में पहुंच गई।
सिंधू 5,00,000 डॉलर पुरस्कार राशि के सुपर 500 टूर्नामेंट के एक घंटे से ज्यादा समय तक चले महिला एकल क्वार्टरफाइनल में दुनिया की तीसरे नंबर की खिलाड़ी यामागुची से 21-19, 18-21, 15-21 से हार गईं।
हार के बावजूद दुनिया की 12वें नंबर की खिलाड़ी सिंधू हार जीत के रिकॉर्ड में यामागुची से 15-13 से आगे हैं। जनवरी में हुए मलेशिया ओपन सुपर 1000 टूर्नामेंट में सिंधू आगे चल रही थीं और फिर यामागुची के चोट के कारण क्वार्टरफाइनल मैच से हटने के कारण अगले दौर में जगह बनाई थी।
लक्ष्य सेन को भी पुरुष एकल क्वार्टरफाइनल मैच में थाईलैंड के दूसरे वरीय खिलाड़ी कुनलावुत वितिदसर्ण से 53 मिनट में 19-21, 16-21 से हार का सामना करना पड़ा।
हालांकि युगल स्पर्धा में कुछ अच्छी खबर भी आई जिसमें सात्विकसाईराज और चिराग की शीर्ष वरीयता प्राप्त जोड़ी ने जापानी के ताकुमी नोमुरा और युइची शिमोगामी की छठी वरीय जोड़ी को 21-12, 21-13 के शानदार स्कोर से हराकर सेमीफ़ाइनल में जगह बना ली।
अब यह भारतीय जोड़ी अगले दौर में गोह जे फेई और नूर इजुद्दीन की तीसरी वरीयता प्राप्त मलेशियाई जोड़ी से भिड़ेगी।
इससे पहले सिंधू का पहला गेम बराबरी का था जिसमें 11-11 तक एक खिलाड़ी सिर्फ एक अंक से आगे था। उसके बाद यामागुची 13-11 से आगे हो गईं लेकिन सिंधू ने वापसी करते हुए स्कोर बराबर कर दिया। 19-19 पर पहुंचने के बाद सिंधू ने अगले दो अंक जीतकर पहला गेम अपने नाम कर लिया।
दूसरे गेम में सिंधू 5-1 से आगे थीं और ऐसा लग रहा था कि वह लय बनाए रखेंगी। लेकिन उन्होंने अपनी प्रतिद्वंद्वी को वापसी करने का मौका दे दिया जिससे स्कोर 11-11 से बराबर हो गया। यामागुची ने लगातार सात अंक लेकर 14-11 की बढ़त बना ली। यामागुची लय में आ गईं और उन्होंने यह गेम 21-18 से जीत लिया।
निर्णायक गेम में सिंधू पूरी लय में नहीं थीं और पूरे समय पीछे ही रहीं।
0-5 से पिछड़ रही भारतीय खिलाड़ी ने अंतर को कम करते हुए स्कोर 11-12 तक पहुंचाया। लेकिन यामागुची ने अपनी गति बढ़ाई और निर्णायक गेम 21-15 से जीतकर मैच अपने नाम कर लिया।
मैच के बाद सिंधू ने कहा, ‘‘मुझे लगा कि मैंने कुछ आसान गलतियां कीं क्योंकि दूसरे गेम में मैं बढ़त बनाए हुए थी। ऐसा नहीं था कि हम लंबी रैलियां खेल रहे थे या अंक आसानी से मिल रहे थे। लेकिन शायद मुझे उस बढ़त को जीत में बदल देना चाहिए था। ’’
दो बार की ओलंपिक पदक विजेता ने कहा, ‘‘तीसरे गेम में वह बढ़त बनाए हुए थीं, लेकिन शुरुआत में ही मैंने उन्हें लगातार चार या पांच अंक दे दिए। मैंने वापसी की कोशिश की, लेकिन उस समय दो-तीन अंक का अंतर भी बहुत मायने रखता है। ’’
छठी वरीय सिंधू बृहस्पतिवार को डेनमार्क की अमाली शुल्ज को 21-13, 21-15 से हराकर क्वार्टरफाइनल में पहुंची थीं।
विश्व चैंपियनशिप 2021 के कांस्य पदक विजेता लक्ष्य सेन के अलावा सात्विकसाईराज रंकीरेड्डी और चिराग शेट्टी की जोड़ी दिन में बाद में क्रमशः पुरुष एकल और पुरुष युगल के क्वार्टरफाइनल में खेलेगी।
भाषा नमिता
नमिता

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