सूर्यवंशी के शतक से भारत ने बनाया नौ विकेट पर 411 रन का रिकॉर्ड स्कोर

सूर्यवंशी के शतक से भारत ने बनाया नौ विकेट पर 411 रन का रिकॉर्ड स्कोर

सूर्यवंशी के शतक से भारत ने बनाया नौ विकेट पर 411 रन का रिकॉर्ड स्कोर
Modified Date: February 6, 2026 / 06:01 pm IST
Published Date: February 6, 2026 6:01 pm IST

हरारे, छह फरवरी (भाषा) विस्फोटक युवा बल्लेबाज वैभव सूर्यवंशी (175 रन, 80 गेंद, 15 छक्के) ने अंडर-19 विश्व कप के इतिहास की शायद सबसे प्रभावशाली पारी खेली जिससे भारत ने शुक्रवार को यहां फाइनल में इंग्लैंड के खिलाफ नौ विकेट पर रिकॉर्ड 411 रन का स्कोर खड़ा किया।

चौदह साल के सूर्यवंशी ने एक यादगार पारी खेली और महज 55 गेंद में तीन अंक का आंकड़ा छूकर इस टूर्नामेंट में दूसरा सबसे तेज शतक लगाने वाले खिलाड़ी बन गए।

यह अंडर-19 विश्व कप फाइनल में किसी खिलाड़ी का सर्वश्रेष्ठ व्यक्तिगत स्कोर का रिकॉर्ड है और टूर्नामेंट के फाइनल मुकाबले में यह टीम का सबसे बड़ा स्कोर भी है।

सूर्यवंशी ने यह पारी तब खेली जब इसकी सबसे ज्यादा जरूरत थी। उन्होंने सिर्फ 32 गेंद में अपना अर्धशतक पूरा किया और इसी अंदाज में खेलते हुए दूसरा अर्धशतक सिर्फ 23 गेंद में बना लिया।

उनकी 175 रन की पारी में से 150 रन सिर्फ बाउंड्री से ही आए जिसमें 15 छक्के और इतने ही चौके शामिल थे। इस पारी के दौरान उन्होंने विपक्षी टीम के गेंदबाजों की पूरी तरह से धज्जियां उड़ा दी।

अब उनके नाम युवा वनडे पारी में सबसे ज्यादा छक्के लगाने का रिकॉर्ड है। उन्होंने दिसंबर में आईसीसीए दुबई में संयुक्त अरब अमीरात के खिलाफ अपने ही 14 छक्कों के रिकॉर्ड को पीछे छोड़ दिया।

सूर्यवंशी के नाम अब अंडर-19 क्रिकेट में सबसे तेज 150 रन (71 गेंद में) बनाने का रिकॉर्ड भी है। उन्होंने टूर्नामेंट में पहले इसी मैदान पर इंग्लैंड के बेन मेयेस के रिकॉर्ड को बेहतर बनाया जिन्होंने 98 गेंद में 150 रन बनाए थे।

सूर्यवंशी के दबदबे का अंदाजा इससे ही लग जाता है कि उनके 100 से 150 रन तक पहुंचने के दौरान दूसरे छोर पर खड़े वेदांत त्रिवेदी ने सिर्फ चार गेंदों का सामना किया।

सूर्यवंशी की बल्लेबाजी इतनी जबरदस्त थी कि आधे मैच तक भारत का रन रेट लगभग 10 था और उस चरण पर टीम का अनुमानित स्कोर 500 था।

बिहार के समस्तीपुर का यह खिलाड़ी दो घंटे से भी कम समय में क्रिकेट की दुनिया को हैरान करने के बाद 26वें ओवर में मैनी लम्सडेन की शॉर्ट गेंद को स्कूप करने की कोशिश में आउट हो गया। विकेटकीपर थॉमस रियू ने उनका कैच लपका।

इंग्लैंड के खिलाड़ी सूर्यवंशी को ऐसी पारी पर बधाई देने के लिए उनकी ओर दौड़े जो विश्व कप फाइनल में अक्सर देखने को नहीं मिलती।

सूर्यवंशी ने अपने कप्तान आयुष म्हात्रे (51 गेंद में 53 रन) के साथ सिर्फ 19 ओवर में 142 रन बनाए। म्हात्रे अपना अर्धशतक पूरा करने के तुरंत बाद आउट हो गए।

सूर्यवंशी ने अकेले इसी चरण में 22 छक्के लगा दिए और दक्षिण अफ्रीका के डेवाल्ड ब्रेविस को पीछे छोड़ दिया जिन्होंने 2022 में 18 छक्कों का रिकॉर्ड बनाया था।

सूर्यवंशी इस टूर्नामेंट के इतिहास में सबसे कम उम्र के शतक लगाने वाले खिलाड़ी भी बन गए हैं। उन्होंने इंग्लैंड के सभी गेंदबाजों की जमकर धुनाई की लेकिन बाएं हाथ के स्पिनर राल्फी अल्बर्ट और ऑफ-स्पिनर फरहाद अहमद पर क्रमशः 27 और 22 रन बनाए।

उनके आउट होने के बाद अभिज्ञान कुंडू (31 गेंद में 40 रन), वेदांत त्रिवेदी (36 गेंद में 32 रन), विहान मल्होत्रा ​​(36 गेंद में 30 रन) और कनिष्क चौहान (20 गेंद में नाबाद 37 रन) ने उपयोगी योगदान दिया।

भाषा नमिता आनन्द

आनन्द


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