बचपन में चाय बेचने वाले प्रधानमंत्री की कैबिनेट में पंचर जोड़ने वाला बना मंत्री

बचपन में चाय बेचने वाले प्रधानमंत्री की कैबिनेट में पंचर जोड़ने वाला बना मंत्री

बचपन में चाय बेचने वाले प्रधानमंत्री की कैबिनेट में पंचर जोड़ने वाला बना मंत्री
Modified Date: November 29, 2022 / 08:18 pm IST
Published Date: September 3, 2017 12:16 pm IST

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी चाय बेचकर अपना गुजारा चलाते थे तो उनकी कैबिनेट में भी आम आदमी झलक नजर आती है! चाय बनाने वाले से प्रधानमंत्री पद तक पहुंचे नरेंद्र मोदी के मंत्रिमंडल में अब एक ऐसा चेहरा शामिल होने जा रहा है जिसने बचपन में पिता के साथ साइकिल के पंक्चर तक बनाए थे। सागर के पूर्व और टीकमगढ़ के मौजूदा सांसद डॉ. वीरेंद्र कुमार अपनी सादगी और सीधेपन के लिए जाने जाते हैं। बजाज के पुराने हरे रंग के स्कूटर पर सफेद कुर्ता पजामे पर वे शहर की गलियों में यूं ही घूमते देखे जाते रहे हैं। वीरेंद्र कुमार खटीक पढ़ाई के समय अपने पिता दुकान पर पंचर बनाते थे। एक समय में वीरेंद्र कुमार के परिवार की माली हालत बेहद खराब थी। लेकिन उनकी दो बहनें डॉक्टर हैं। बड़ी बहन की शादी मध्यप्रदेश सरकार में मंत्री गौरी शंकर शेजवार से हुई है।

वीरेंद्र कुमार खटीक को केंद्रीय राज्य मंत्री बनाए जाने पर छतरपूर जिले में कार्यक्रताओ ने पटाखे फोड़कर और मिठाई बाटकर जमकर जश्न मनाया गौरतलब है की वीरेंद्र कुमार खटीक टीकमगढ़-छतरपुर लोकसभा सीट से संसद है और वह लगातार 6 वी बार संसद चुने गए थे स्थानीय लोगांे और कार्यक्रताओ को आस है कि देश के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने पिछड़े हुए बुंदेलखंड को विकास की रफ्तार देने के लिए अपने मंत्री मंडल में केंद्रीय राज्यमंत्री बनाया है वही दूसरी तरफ दलित बोट को भाजपा की तरफ आकर्षित करने के लिए वीरेंद्र कुमार खटीक को स्थान मिला है क्यों की वीरेंद्र कुमार खटीक पिछले कई सालो से लगातार जातिवाद और दलित उत्थान के लिए आवाजउठाते है और इनके मंत्री बनने पर अब बुंदेलखंड का कार्यकर्ता बेहद उत्साहित है।


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