(HDFC Bank Share/ Image Credit: ANI News)
HDFC Bank Share Price: एचडीएफसी बैंक के शेयर (HDFC Bank Share) आज 7 जनवरी 2026 को लगातार तीसरे कारोबारी सत्र में गिरावट में देखने को मिली है। इंट्राडे में यह 946 रुपये तक नीचे फिसल गया। पिछले तीन दिनों में इस ब्लू-चिप शेयर में कुल मिलाकर 5% से अधिक की कमी आई है। इस लगातार गिरावट को लेकर निवेशकों में सतर्कता बढ़ गई है।
शेयरों में यह गिरावट बैंक के दिसंबर तिमाही व्यवसाय अपडेट के बाद शुरू हुई। बैंक ने 5 जनवरी को बताया कि 31 दिसंबर, 2025 तक उसके कर्ज 11.9% बढ़कर 28,445 अरब रुपये हो गए। औसत जमा राशि में 12.2% और औसत कासा जमा में 9.9% की वृद्धि हुई। विशेषज्ञ मानना हैं कि जमा वृद्धि अपेक्षाकृत कमजोर रही और मुनाफावसूली के कारण शेयर गिर गया।
रिलायंस ब्रोकिंग के एक्सपर्ट का कहना है कि लंबी अवधि में एचडीएफसी बैंक के शेयर के लिए सकारात्मक संकेत हैं। एसएमसी ग्लोबल सिक्योरिटीज के एक्सपर्ट ने बैंक के मजबूत फ्रैंचाइज और रणनीतिक पहल की सराहना की है। तकनीकी विश्लेषकों का मानना है कि 200 दिवसीय ईएमए (963 रुपये) के नीचे कारोबार करना सतर्कता का संकेत देता है।
HDFC Bank 17 जनवरी को तीसरी तिमाही के नतीजे घोषित करेगा। रिसर्च के अनुसार बैंक का शुद्ध लाभ 11.2% और परिचालन लाभ 7.8% बढ़ सकता है। विशेषज्ञों का सुझाव है कि लंबी अवधि के निवेशक इस गिरावट को खरीदारी का अवसर मान सकते हैं, लेकिन पहले शेयर के स्थिर होने का इंतजार करें।
| पैरामीटर | विवरण |
| क्लोज़िंग प्राइस | ₹947.10 |
| आज का बदलाव | −₹15.10 (−1.57%) |
| ओपन | ₹956.00 |
| उच्चतम (High) | ₹956.45 |
| न्यूनतम (Low) | ₹946.00 |
| मार्केट कैप | ₹14.57 लाख करोड़ |
| P/E अनुपात | 20.14 |
| 52-सप्ताह उच्च | ₹1,020.50 |
| 52-सप्ताह निम्न | ₹812.15 |
| डिविडेंड | 1.16% |
| त्रैमासिक डिविडेंड राशि | ₹2.75 |
तकनीकी तौर पर शेयर 950 रुपये के सपोर्ट और 965 रुपये के रेजिस्टेंस स्तर पर है। अगले कुछ हफ्तों में यह 940-950 रुपये के दायरे में कंसोलिडेट हो सकता है। विशेषज्ञों का कहना है कि 200 दिवसीय ईएमए से ऊपर स्थिर होने के बाद ही लंबी अवधि के लिए निवेश करना सुरक्षित रहेगा।
नोट:- शेयर बाजार में निवेश जोखिम के अधीन होता है। शेयरों, म्यूचुअल फंड्स और अन्य वित्तीय साधनों की कीमतें बाजार की स्थितियों, आर्थिक परिस्थितियों और अन्य कारकों के आधार पर घट-बढ़ सकती हैं। इसमें पूंजी हानि की संभावना भी शामिल है। इस जानकारी का उद्देश्य केवल सामान्य जागरूकता बढ़ाना है और इसे निवेश या वित्तीय सलाह के रूप में नहीं लिया जाना चाहिए।