(ITC Limited/ Image Credit: IBC24 News)
नई दिल्ली: ITC Limited: देश की बढ़ी FMCG कंपनी ITC Limited ने अपनी दो कंपनियों Sresta Natural Bioproducts Private Limited और Wimco Limited के विलय की प्रक्रिया पूरी होने की जानकारी दी है। राष्ट्रीय कंपनी कानून न्यायधिकरण (NCLT) ने इस विलय की योजना को मंजूरी दे दी है। इसके बाद दोनों कंपनियां ITC में शामिल हो जाएंगी और अलग इकाई के रूप में उनका अस्तित्व खत्म हो जाएगा। वहीं, इस फैसले को कंपनी के कारोबार को सरल और मजबूत बनाने की दिशा में बड़ा कदम माना जा रहा है।
ITC ने एक्सचेंज फाइलिंग में बताया कि NCLT ने इस मर्जर योजना को औपचारिक मंजूरी दे दी है। कंपनी ने कहा कि पश्चिम बंगाल और तेलंगाना के रजिस्ट्रार ऑफ कंपनीज के पास आदेशों की प्रमाणित कॉपी जमा कर दी गई है। इससे कानूनी प्रक्रिया पूरी हो गई है। कंपनी के अनुसार, सभी जरूरी शर्तें पूरी हो चुकी हैं और अब यह योजना तय समय के अनुसार लागू की जाएगी।
ITC ने एक्सचेंज फाइलिंग में यह भी जानकारी दी कि कंपनियों की आपसी सहमति से यह माना गया कि स्कीम के क्लॉज में बताई गई सभी शर्तें पूरी हो गई है। इसलिए स्कीम (i) के क्लॉज के अनुसार Sresta Natural Bioproducts के लिए नियुक्त तारीख 13 जून 2025 होगी। जबकि Wimco Limited के लिए यह 1 अप्रैल 2025 होगी। वहीं इस योजना की प्रभावी तारीख 1 जून 2026 रखी गई है। इसी दिन से दोनों कंपनियां औपचारिक रूप से ITC का हिस्सा बन जाएंगी। इसके बाद इन कंपनियों की विदेशी सहायक कंपनियां भी सीधे ITC के स्वामित्व में आ जाएंगी।
इस खबर का असर ITC के शेयरों पर भी देखने को मिल सकता है। आज शुक्रवार को ITC का शेयर NSE पर पिछले बंद भाव 307.40 रुपये की अपेक्षा 308.90 रुपये के स्तर पर खुले। दोपहर करीब 1.44 बजे समय यह शेयर 0.049 % की मामूली तेजी के साथ 307.55 रुपये के स्तर पर ट्रेड कर रहा था। हालांकि पिछले एक साल में कंपनी के शेयरों में लगभग 28% की गिरावट दर्ज की गई है। वहीं 2026 की शुरुआत से अब तक शेयर करीब 15% कमजोर हुआ है। निवेशकों की नजर अब इस मर्जर के बाद कंपनी के भविष्य के प्रदर्शन पर बनी हुई है।
नोट:-शेयर बाजार में निवेश जोखिम के अधीन होता है। शेयरों, म्यूचुअल फंड्स और अन्य वित्तीय साधनों की कीमतें बाजार की स्थितियों, आर्थिक परिस्थितियों और अन्य कारकों के आधार पर घट-बढ़ सकती हैं। इसमें पूंजी हानि की संभावना भी शामिल है। इस जानकारी का उद्देश्य केवल सामान्य जागरूकता बढ़ाना है और इसे निवेश या वित्तीय सलाह के रूप में नहीं लिया जाना चाहिए।