Share Market 05 May 2026: गिफ्ट निफ्टी का चौंकाने वाला संकेत, क्या आज बाजार खुलते ही निवेशकों की जेब पर पड़ेगा तगड़ा वार?

Ads

Share Market 05 May 2026: ईरान के यूएई पर ताजा हमले और कच्चे तेल की कीमतों में उछाल से वैश्विक बाजारों का माहौल बिगड़ गया। गिफ्ट निफ्टी 175 अंक से ज्यादा टूटा, अमेरिकी बाजारों में भी बड़ी गिरावट दिखी। जबकि एशिया के कई प्रमुख बाजार आज बंद हैं।

  •  
  • Publish Date - May 5, 2026 / 08:49 AM IST,
    Updated On - May 5, 2026 / 08:49 AM IST

(Share Market 05 May 2026/ Image Credit: IBC24 News)

HIGHLIGHTS
  • मिडिल ईस्ट तनाव से ग्लोबल बाजारों में दबाव बना हुआ है।
  • GIFT Nifty में तेज गिरावट के बाद हल्की रिकवरी देखी गई।
  • होर्मुज स्ट्रेट में जारी तनाव से तेल सप्लाई को लेकर चिंता बढ़ी।

नई दिल्ली: Share Market 05 May 2026 in India: मिडिल ईस्ट में बढ़ते तनाव ने दुनिया भर के शेयर बाजार का मूड बिगाड़ दिया है। ईरान और यूएई के बीच ताजा घटनाओं और होर्मुज स्ट्रेट में जारी तनाव ने निवेशकों की चिंता को बढ़ा दी है। इसका अगर ग्लोबल मार्केट्स पर साफ देखने को मिला। जहां अनिश्चितता का माहौल बना हुआ है।

GIFT Nifty में गिरावट

GIFT Nifty जो भारतीय बाजार के शुरुआती संकेत देता है। पहले 100 से ज्यादा अंक गिरकर ट्रेड करता नजर आया। निफ्टी फ्यूचर्स करीब 165 अंक या 0.68% टूटकर 24,041 के आसपास पहुंच गया। हालांकि बाद में इसमें हल्की रिकवरी भी देखी गई और यह मामूली बढ़त के साथ 24,083 के पास ट्रेड करता नजर आया जिससे सपाट से पॉजिटिव शुरुआत के संकेत मिले।

होर्मुज स्ट्रेट बना चिंता का केंद्र

रिपोर्ट्स के अनुसार, अमेरिका और ईरान के बीच एक महीने पुराने सीजफायर के बावजूद होर्मुज स्ट्रेट में गोलीबारी जारी है। इससे यह डर बढ़ गया है कि जियोपॉलिटिकल तनाव लंबा बढ़ सकता है। यह स्ट्रेट दुनिया के सबसे अहम तेल सप्लाई रूट्स में से एक है। इसलिए यहां किसी भी तरह की परेशानी का असर सीधे वैश्विक इकोनॉमी पर पड़ता है।

एशियाई बाजारों में मिला-जुला रुख

एशिया-पैसिफिक क्षेत्र में बाजारों का रुख मिला-जुला रहा। दक्षिण कोरिया का कोस्पी 5% से ज्यादा उछलकर नई ऊंचाई पर पहुंच गया। जबकि हांगकांग का हैंग सेंग 1.56% गिर गया। वहीं चीन, जापान और दक्षिण कोरिया के कुछ बाजार बंद रहने से कारोबार सीमित रहा और निवेशकों की गतिविधियां भी कम नजर आईं।

तेल की कीमतों में उतार-चढ़ाव

पिछले सत्र में तेज उछाल के बाद मंगलवार को कच्चे तेल की कीमतों में थोड़ी गिरावट आई। ब्रेंट क्रूड करीब 0.6% गिरकर 113.76 डॉलर प्रति बैरल पर आ गया। जबकि WTI क्रूड 1.5% गिरकर 104.83 डॉलर पर पहुंच गया। इसकी वजह यह रही कि अमेरिका ने होर्मुज स्ट्रेट को फिर से शिपिंग के लिए खोलने की कोशिश शुरू की जिससे सप्लाई बाधित होने का डर कुछ कम हुआ।

अमेरिकी बाजारों में गिरावट

वॉल स्ट्रीट में भी दबाव देखने को मिला। S&P 500 अपने रिकॉर्ड स्तर से नीचे आ गया और 0.41% गिरकर बंद हुआ। नैस्डैक में 0.19% की गिरावट रही। जबकि डॉव जोन्स में सबसे ज्यादा 1.13% की कमजोरी दर्ज की गई। मिडिल ईस्ट की अनिश्चितता और तेल सप्लाई को लेकर चिंता ने निवेशकों के भरोसे को प्रभावित किया। जिससे बाजारों में गिरावट देखने को मिली।

नोट:-शेयर बाजार में निवेश जोखिम के अधीन होता है। शेयरों, म्यूचुअल फंड्स और अन्य वित्तीय साधनों की कीमतें बाजार की स्थितियों, आर्थिक परिस्थितियों और अन्य कारकों के आधार पर घट-बढ़ सकती हैं। इसमें पूंजी हानि की संभावना भी शामिल है। इस जानकारी का उद्देश्य केवल सामान्य जागरूकता बढ़ाना है और इसे निवेश या वित्तीय सलाह के रूप में नहीं लिया जाना चाहिए।

इन्हें भी पढ़ें: 

GIFT Nifty क्यों गिरा?

ग्लोबल तनाव, खासकर मिडिल ईस्ट में बढ़ती अनिश्चितता और तेल कीमतों में उतार-चढ़ाव के कारण गिरावट आई।

होर्मुज स्ट्रेट इतना महत्वपूर्ण क्यों है?

यह दुनिया का प्रमुख तेल सप्लाई रूट है, यहां किसी भी तनाव से ग्लोबल तेल सप्लाई प्रभावित होती है।

क्या तेल की कीमतें और बढ़ सकती हैं?

अगर तनाव बढ़ता है तो कीमतें फिर से उछल सकती हैं, लेकिन फिलहाल सप्लाई खुलने से थोड़ी राहत मिली है।

अमेरिकी बाजार क्यों गिरे?

मिडिल ईस्ट की अनिश्चितता और निवेशकों की चिंता के कारण S&P 500, नैस्डैक और डॉव जोन्स में गिरावट आई।