Stock Market Today: बाजार खुलने से पहले ही गिफ्ट निफ्टी ने दिया झटका, कमजोर शुरुआत के आसार, क्या निवेशकों की बढ़ेगी मुश्किलें?

Stock Market Today: वेस्ट एशिया में बढ़ते तनाव और हूती की एंट्री से वैश्विक बाजारों में गिरावट दिखी। निफ्टी एक्सपायरी के दिन गिफ्ट निफ्टी 250+ अंक गिरा। एशियाई बाजार कमजोर रहे, निक्केई 5% टूटा। डाओ फ्यूचर्स 300 अंक नीचे, जबकि अमेरिकी इंडेक्स शुक्रवार को 2% गिरे थे।

Stock Market Today: बाजार खुलने से पहले ही गिफ्ट निफ्टी ने दिया झटका, कमजोर शुरुआत के आसार, क्या निवेशकों की बढ़ेगी मुश्किलें?

(Stock Market Today/ Image Credit: IBC24 News)

Modified Date: March 30, 2026 / 08:49 am IST
Published Date: March 30, 2026 8:49 am IST
HIGHLIGHTS
  • मिडिल ईस्ट तनाव बढ़ने से ग्लोबल बाजारों में भारी गिरावट
  • गिफ्ट निफ्टी 250+ अंक गिरा, कमजोर शुरुआत के संकेत
  • एशियाई बाजारों में बड़ी गिरावट, निक्केई करीब 5% फिसला

नई दिल्ली: Stock Market Today In India: पश्चिम एशिया में बढ़ते तनाव और यमन के हूती विद्रोहियों के शामिल होने से दुनियाभर के बाजारों में भारी दबाव देखने को मिल रहा है। खासकर स्ट्रेट ऑफ होर्मुज के बाद लाल सागर में नया जंग का मोर्चा खुलने से निवेशकों की चिंता बढ़ गई है। इसका असर सीधे तौर पर ग्लोबल मार्केट पर दिखा, जहां बिकवाली तेज हो गई और निवेशक जोखिम लेने से बचते नजर आ रहे हैं।

भारतीय बाजार की कमजोर शुरुआत के संकेत

निफ्टी की मंथली एक्सपायरी के दिन गिफ्ट निफ्टी ने कमजोर शुरुआत का संकेत दिया। इसमें 250 अंकों से ज्यादा की गिरावट देखी गई, जिससे अंदाजा लगाया जा रहा है कि घरेलू बाजार दबाव में खुल सकते हैं। निफ्टी फ्यूचर्स करीब 22,543 के स्तर के आसपास ट्रेड करता नजर आया, जो निवेशकों की सतर्कता को दर्शाता है।

अमेरिकी बाजारों में गिरावट

शुक्रवार को अमेरिकी शेयर बाजारों में भी तेज गिरावट दर्ज की गई। डॉव जोन्स, S&P 500 और नैस्डैक तीनों इंडेक्स करीब 2% तक टूट गए और सात महीने के निचले स्तर पर बंद हुए। डॉव जोन्स अब करेक्शन जोन में पहुंच गया है। मिडिल ईस्ट तनाव और अनिश्चितता के चलते निवेशकों का भरोसा कमजोर हुआ है, जिससे बाजार में लगातार दबाव बना हुआ है।

एशियाई बाजारों पर भी दबाव

सोमवार को एशियाई बाजारों में भी कमजोरी देखी गई। जापान का निक्केई करीब 4-5% तक गिर गया, जबकि कोरिया का कोस्पी भी 3% से ज्यादा टूटा। बढ़ती तेल कीमतों और महंगाई की आशंका ने निवेशकों को सतर्क कर दिया है। इससे वैश्विक स्तर पर मंदी का खतरा भी बढ़ता नजर आ रहा है।

क्रूड में उछाल और डॉलर मजबूत

हूती हमलों के बाद कच्चे तेल की कीमतों में तेज उछाल आया और यह 116 डॉलर प्रति बैरल के पार पहुंच गया। पिछले एक महीने में क्रूड करीब 60% तक बढ़ चुका है। वहीं, डॉलर मजबूत बना हुआ है, जिससे सोने और चांदी की कीमतों पर दबाव देखा जा रहा है। करेंसी मार्केट में भी अस्थिरता बनी हुई है, खासकर जापानी येन में कमजोरी देखने को मिली है।

नोट:- शेयर बाजार में निवेश जोखिम के अधीन होता है। शेयरों, म्यूचुअल फंड्स और अन्य वित्तीय साधनों की कीमतें बाजार की स्थितियों, आर्थिक परिस्थितियों और अन्य कारकों के आधार पर घट-बढ़ सकती हैं। इसमें पूंजी हानि की संभावना भी शामिल है। इस जानकारी का उद्देश्य केवल सामान्य जागरूकता बढ़ाना है और इसे निवेश या वित्तीय सलाह के रूप में नहीं लिया जाना चाहिए।

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लेखक के बारे में

मैं 2018 से पत्रकारिता में सक्रिय हूँ। हिंदी साहित्य में मास्टर डिग्री के साथ, मैंने सरकारी विभागों में काम करने का भी अनुभव प्राप्त किया है, जिसमें एक साल के लिए कमिश्नर कार्यालय में कार्य शामिल है। पिछले 7 वर्षों से मैं लगातार एंटरटेनमेंट, टेक्नोलॉजी, बिजनेस और करियर बीट में लेखन और रिपोर्टिंग कर रहा हूँ।