(Stock Market Update Today/ Image Credit: IBC24 News)
नई दिल्ली: Stock Market Update Today भारतीय शेयर बाजारों के लिए आज भी माहौल कमजोर बना हुआ है। विदेशी निवेशकों की लगातार बिकवाली और वैश्विक बाजारों से मिल रहे नकारात्मक संकेतों के कारण निवेशकों में सतर्कता देखने को मिल रही है। FIIs ने कैश और वायदा बाजार में मिलाकर 4,657 करोड़ रुपये की बिकवाली की है, जिससे घरेलू बाजारों पर दबाव बढ़ा है। गिफ्ट निफ्टी फिलहाल फ्लैट कारोबार कर रहा है, जो कमजोर शुरुआत की ओर इशारा कर रहा है।
एशियाई शेयर बाजारों में बुधवार को गिरावट दर्ज की गई। अमेरिका के बाजारों में आई भारी गिरावट और वैश्विक अनिश्चितताओं का असर एशिया पर साफ दिखा। जापान का निक्केई 225 करीब 1.28% गिर गया, जबकि टॉपिक्स में 1.09% की कमजोरी रही। दक्षिण कोरिया का कोस्पी 1.09% और कोस्डैक 2.2% टूट गया। हांगकांग के हैंग सेंग इंडेक्स फ्यूचर्स ने भी कमजोर शुरुआत के संकेत दिए।
गिफ्ट निफ्टी 25,297 के आसपास कारोबार करता नजर आया। यह निफ्टी फ्यूचर्स के पिछले बंद भाव से लगभग 38 अंकों के प्रीमियम पर था। हालांकि यह मामूली सकारात्मक शुरुआत का संकेत देता है, लेकिन वैश्विक दबाव को देखते हुए बाजार में सीमित दायरे में उतार-चढ़ाव की संभावना बनी हुई है।
अमेरिकी शेयर बाजार मंगलवार को जोरदार गिरावट के साथ बंद हुए। राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप द्वारा ग्रीनलैंड और यूरोपीय देशों को लेकर दिए गए सख्त बयानों और टैरिफ की धमकियों से निवेशकों में डर का माहौल बन गया। डाओ जोंस करीब 870 अंक टूटकर बंद हुआ, जबकि नैस्डैक और S&P 500 में 2% से ज्यादा की गिरावट दर्ज की गई। यह तीन महीनों की सबसे बड़ी एकदिवसीय गिरावट मानी जा रही है।
अमेरिकी बाजारों में बिकवाली का असर बड़ी टेक कंपनियों पर भी पड़ा। एनवीडिया के शेयर 4.38% टूटे, अमेजन में 3.40% की गिरावट आई। एप्पल के शेयर 3.46%, माइक्रोसॉफ्ट 1.16% और टेस्ला के शेयर करीब 4.17% लुढ़क गए। इससे टेक सेक्टर में दबाव और बढ़ गया।
वैश्विक अनिश्चितता के बीच सुरक्षित निवेश की मांग बढ़ने से सोने और चांदी की कीमतों में तेजी देखने को मिली। सोना 0.8% बढ़कर रिकॉर्ड ऊंचाई के करीब पहुंच गया, जबकि चांदी भी मजबूत हुई। वहीं डॉलर यूरो और स्विस फ्रैंक के मुकाबले तीन हफ्तों के निचले स्तर पर फिसल गया।
कच्चे तेल की कीमतों में गिरावट दर्ज की गई। ब्रेंट क्रूड और WTI दोनों में 1% से ज्यादा की कमजोरी देखने को मिली। कुल मिलाकर, वैश्विक बाजारों में बढ़ती अनिश्चितता, FIIs की बिकवाली और अमेरिकी बाजारों की कमजोरी के चलते भारतीय शेयर बाजारों के लिए आज भी संकेत कमजोर नजर आ रहे हैं।
नोट:- शेयर बाजार में निवेश जोखिम के अधीन होता है। शेयरों, म्यूचुअल फंड्स और अन्य वित्तीय साधनों की कीमतें बाजार की स्थितियों, आर्थिक परिस्थितियों और अन्य कारकों के आधार पर घट-बढ़ सकती हैं। इसमें पूंजी हानि की संभावना भी शामिल है। इस जानकारी का उद्देश्य केवल सामान्य जागरूकता बढ़ाना है और इसे निवेश या वित्तीय सलाह के रूप में नहीं लिया जाना चाहिए।