UP Labour Order: भीषण गर्मी के बीच सरकार का बड़ा फैसला, इतने समय तक मजदूरों को काम कराने पर रोक, पढ़िए क्या है ये नया आदेश

UP Labour Order: भीषण गर्मी के बीच बड़ा फैसला, इतने समय तक मजदूरों को काम कराने पर रोक, पढ़िए क्या है ये नया आदेश

UP Labour Order: भीषण गर्मी के बीच सरकार का बड़ा फैसला, इतने समय तक मजदूरों को काम कराने पर रोक, पढ़िए क्या है ये नया आदेश

majdoor rok/ image source: ibc24

Modified Date: April 23, 2026 / 03:17 pm IST
Published Date: April 23, 2026 3:17 pm IST
HIGHLIGHTS
  • दोपहर 12 से 4 काम बंद
  • मजदूरों को अनिवार्य विश्राम समय
  • हीटवेव से बचाव के निर्देश

UP Labour Order: आगरा : भीषण गर्मी और लगातार बढ़ते तापमान को देखते हुए आगरा मंडल प्रशासन ने बड़ा फैसला लिया है। मंडलायुक्त नगेंद्र प्रताप के निर्देश पर आगरा, मथुरा, फिरोजाबाद और मैनपुरी जिलों में अब दोपहर 12 बजे से 4 बजे तक मजदूरों के काम करने पर पूरी तरह रोक लगा दी गई है। इस अवधि को “अनिवार्य विश्राम समय” घोषित किया गया है, ताकि श्रमिकों को लू और हीटवेव के खतरनाक प्रभाव से बचाया जा सके। प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि इस आदेश का पालन सभी निर्माण साइटों, ईंट-भट्टों और औद्योगिक इकाइयों में अनिवार्य होगा।

दोपहर 12 से 4 काम बंद

नई गाइडलाइन के अनुसार, सभी नियोक्ताओं को अपने कार्यस्थलों पर ठंडा पानी, ओआरएस घोल, छाया और प्राथमिक उपचार की समुचित व्यवस्था करनी होगी। इसके साथ ही श्रमिकों को गर्मी से बचाव के लिए हल्के और सूती कपड़े पहनने, सिर ढककर काम करने और पर्याप्त पानी पीने की सलाह दी गई है। मंडलायुक्त ने यह भी निर्देश दिया है कि कार्यस्थलों की छतों को सफेद रंग से पेंट किया जाए और जहां संभव हो वहां “कूल रूफ” तकनीक का उपयोग किया जाए, ताकि तापमान का असर कम किया जा सके।

मजदूरों को अनिवार्य विश्राम समय

प्रशासन ने यह भी कहा है कि औद्योगिक और व्यावसायिक इकाइयों में काम के समय को मौसम के अनुसार लचीला बनाया जा सकता है, लेकिन दोपहर के सबसे गर्म समय में किसी भी प्रकार का कार्य नहीं कराया जाएगा। आदेश का उल्लंघन करने पर संबंधित संस्थानों और जिम्मेदार व्यक्तियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी। साथ ही सरकारी और निजी कार्यालयों को भी आगंतुकों के लिए पेयजल और कूलिंग की व्यवस्था सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए हैं। यह कदम श्रमिकों और आम लोगों को भीषण गर्मी के खतरे से सुरक्षित रखने के लिए उठाया गया है।

कूल रूफ तकनीक पर जोर

इस पूरे मामले में अब तक पुलिस में किसी भी प्रकार की आधिकारिक शिकायत दर्ज नहीं कराई गई है। जानकारी के अनुसार, केवल वीडियो के सोशल मीडिया पर वायरल होने के बाद शिक्षा विभाग ने एहतियातन संबंधित शिक्षक को स्कूल से हटाकर दूसरी जगह अटैच कर दिया है। वहीं, यह भी आरोप सामने आ रहे हैं कि वीडियो बनाने के दौरान कुछ लोगों द्वारा युवती के साथ बदसलूकी की गई, जिसकी भी चर्चा क्षेत्र में हो रही है।

इन्हें भी पढ़ें:-


लेखक के बारे में

पत्रकारिता और क्रिएटिव राइटिंग में स्नातक हूँ। मीडिया क्षेत्र में 3 वर्षों का विविध अनुभव प्राप्त है, जहां मैंने अलग-अलग मीडिया हाउस में एंकरिंग, वॉइस ओवर और कंटेन्ट राइटिंग जैसे कार्यों में उत्कृष्ट योगदान दिया। IBC24 में मैं अभी Trainee-Digital Marketing के रूप में कार्यरत हूँ।