4th Class Student Caught Nude With Sister: 7वीं क्लास की बहन को न्यूड कर गंदी हरकत कर रहा था क्लास 4 का स्टूडेंट, मां ने पकड़ा रंगे हाथों, स्कूल में मैडम की बनाई थी डर्टी पिक्चर

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4th Class Student Caught Nude With Sister: 7वीं क्लास की बहन को न्यूड कर गंदी हरकत कर रहा था क्लास 4 का स्टूडेंट, मां ने पकड़ा रंगे हाथों, स्कूल में मैडम की बनाई थी डर्टी पिक्चर

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  • Publish Date - September 15, 2026 / 02:17 PM IST,
    Updated On - September 15, 2026 / 02:18 PM IST
HIGHLIGHTS
  • ऑनलाइन कंटेंट की लत से परेशान परिवार ने बच्चे की मनोवैज्ञानिक जांच कराई
  • छात्र के अनुचित व्यवहार और आपत्तिजनक सामग्री मिलने के बाद उसका नाम स्कूल से हटा दिया गया
  • विशेषज्ञ की जांच के बाद बच्चे का इलाज कराया जा रहा है

गोरखपुर: 4th Class Student Caught Nude With Sister बच्चों में मोबाइल और सोशल मीडिया की लत आज के सयम में परिजनों के लिए मुसीबत बन चुकी है। हालात ऐसे हैं कि परिजन लत छुड़वाने के लिए डॉक्टरों के पास ही नहीं देवी-देवताओं के पास अर्जी लगा रहे हैं। उज्जैन के चिंतामन गणेश बच्चों को मोबाइल से दूर रहने की सीख भी दे रहे हैं, यहां 2 हजार से ज्यादा बच्चों को मोबाइल नहीं उठाने की शपथ दिलाई जा चुकी है। लेकिन इस बीच उत्तर प्रदेश के गोरखपुर से मोबाइल की लत के चक्कर में क्लास 4 के छात्र ने ऐसी हरकत कर दी है जिसे जानकर आपके पैरों तले जमीन खिसक जाएगी। नाबालिग की हरकत के चलते उसे स्कूल से निकाल दिया गया है। तो चलिए जानते हैं क्या है पूरा मामला।

बहन के साथ न्यूड हालत में मिला क्लास 4 का छात्र

4th Class Student Caught Nude With Sister मिली जानकारी के अनुसार क्लास 4 के छात्र को पोर्न देखने की ऐसी लत लगी कि वो घंटों मोबाइल लेकर बाथरूम में पोर्न देखता था। नाबालिक की हरकत यहां तक आपको छोटी लगेगी, लेकिन हद तो तब हो गई जब छात्र ने अपनी बहन को न्यूड करके उसके साथ अश्लील हरकत करने लगा। वहीं, इस बीच कमरे में उसकी मां आ गई, जिसके बाद उसे जमकर फटकार लगाई। मामला सामने आया तो पता चला कि इस नाबालिग ने एक बार ​अपने टीचर की भी डर्टी पिक्चर बना दी थी, जिसके बाद स्कूल से उसे निकाल दिया गया था।

टीचर की बना दी डर्टी पिक्चर

वहीं, मामला सामने आने के बाद प्रिंसिपल ने छात्र के घरवालों को उसके इलाज की सलाह दी थी। छात्र की हरकत को देखते हुए परिजनों ने साइकोलॉजिस्ट से उसकी जांच करवाई। जांच के बाद प​ता चला कि बच्चा बार्डर लाइन पर्सनॉलिटी डिसआर्डर से ग्रसित है और फिलहाल उसका शाहपुर में इलाज चल रहा।

घंटों बाथरूम में बैठकर पोर्न देखता था छात्र

बच्चे के परिजनों ने बताया कि ऑनलाइन क्लास के दौरान उसे मोबाइल दिया गया था।पढ़ाई के बीच वह कुछ देर गेम खेलता था। 6 महीने से वह मोबाइल के लिए जिद करने लगा। मोबाइल न मिलने पर रोने लगता था। बच्चा धीरे-धीरे बाथरूम में मोबाइल ले जाता और घंटों अंदर ही बैठा रहता। टोकने पर वह चिढ़चिढ़ाता और गुस्सा करता।बच्चे के घरवालों ने बताया कि एक दिन वह कमरे में अपनी बहन के साथ न्यूड हालत में मिला।

क्लासमेट से गंदी बातें करता था स्टूडेंट

घरवालों ने मोबाइल देखा तो उसमें पोर्न चल रही थी। साइट खुली हुई थी,जिसके बाद बच्चे को समझाया गया कि ये सब गलत चीजें हैं।करीब 2 महीने पहले उसके स्कूल से फोन आया। प्रिंसिपल ने मिलने बुलाया। स्कूल जाने पर पता चला कि बेटे ने अपनी एक टीचर की गंदी तस्वीरें और गंदी ड्राइंग मिली। प्रिंसिपल ने उसके साथ पढ़ने वाले बच्चों को बुलाया और उसके बेहेवियर के बारे में पूछा। बाकी बच्चों ने बताया कि ये लड़का सभी से गंदी-गंदी बातें करता है। इसके बाद स्कूल प्रबंधन ने बच्चे का नाम काट दिया। उसके घरवालों को इलाज कराने की सलाह दी।

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Gorakhpur News में क्लास 4 के छात्र का मामला क्या है?

रिपोर्ट के अनुसार गोरखपुर में कक्षा 4 के एक छात्र में मोबाइल और आपत्तिजनक ऑनलाइन कंटेंट देखने की आदत सामने आई। इसके बाद परिवार ने उसकी मनोवैज्ञानिक जांच कराई।

Gorakhpur News में छात्र को स्कूल से क्यों निकाला गया?

स्कूल प्रबंधन के अनुसार छात्र द्वारा एक शिक्षिका की आपत्तिजनक तस्वीरें और ड्राइंग बनाने तथा सहपाठियों से अनुचित बातचीत करने की शिकायत सामने आई थी। इसके बाद स्कूल ने उसका नाम हटा दिया।

Gorakhpur News में बच्चे को मोबाइल की लत कैसे लगी?

परिजनों के अनुसार ऑनलाइन क्लास के दौरान पढ़ाई के लिए बच्चे को मोबाइल दिया गया था। बाद में वह गेम खेलने और मोबाइल इस्तेमाल करने का आदी हो गया तथा मोबाइल न मिलने पर चिड़चिड़ापन और गुस्सा दिखाने लगा।

Gorakhpur News में बच्चे की मानसिक जांच क्यों कराई गई?

बच्चे के व्यवहार में बदलाव और अनुचित गतिविधियां सामने आने के बाद परिवार ने विशेषज्ञ से उसकी जांच कराई। रिपोर्ट के अनुसार जांच में मानसिक स्वास्थ्य से जुड़ी समस्या की बात सामने आई और उसका इलाज चल रहा है।

Gorakhpur News के इस मामले से अभिभावकों को क्या सीख मिलती है?

बच्चों को मोबाइल देने के साथ उनके इंटरनेट इस्तेमाल पर उम्र के अनुरूप निगरानी रखना जरूरी है। बच्चे के व्यवहार में अचानक बदलाव, अत्यधिक चिड़चिड़ापन या अनुचित ऑनलाइन गतिविधि दिखे तो अभिभावकों को बाल मनोवैज्ञानिक या अन्य योग्य मानसिक स्वास्थ्य विशेषज्ञ से सलाह लेनी चाहिए।