मुजफ्फरनगर, 20 जून (भाषा) उत्तर प्रदेश में मुजफ्फरनगर की एक त्वरित अदालत ने राजेंद्र सैनी हत्याकांड में दोषी पाए गए दो लोगों गजेंद्र और रामकिरण को शनिवार को मृत्युदंड की सजा सुनाई।
मुजफ्फरनगर के अतिरिक्त जिला एवं सत्र न्यायाधीश (त्वरित अदालत) रवि कुमार दिवाकर ने भारतीय दंड संहिता (आईपीसी) की धारा 302 के तहत दोनों आरोपियों को दोषी ठहराते हुए प्रत्येक पर एक लाख रुपये का जुर्माना भी लगाया।
अदालत ने अपने आदेश में कहा कि यह मामला ‘दुर्लभतम मामलों’ की श्रेणी में आता है।
न्यायाधीश ने हालांकि स्पष्ट किया कि मृत्युदंड की यह सजा इलाहाबाद उच्च न्यायालय की पुष्टि के अधीन रहेगी।
सरकारी अधिवक्ता कुलदीप कुमार ने ‘पीटीआई-भाषा’ को बताया कि पांच जून, 2018 को मीरापुर थाना क्षेत्र के खेड़ी गांव में वीर सैन ने अपने दो साथियों की मदद से 26 वर्षीय राजेंद्र सैनी की गला घोंटकर हत्या कर दी थी।
उन्होंने बताया कि राजेंद्र की पत्नी के साथ वीर सैन के कथित अवैध संबंध थे। इसी कारण उसने राजेंद्र सैनी को शराब पिलाने के बाद उसकी हत्या कर दी थी।
कुमार ने कहा कि घटना के बाद राजेंद्र सैनी का अर्ध-जला शव बरामद हुआ था।
पुलिस ने इस मामले में वीर सैन, गजेंद्र और रामकिरण के खिलाफ मामला दर्ज किया था।
भाषा
सं, जफर रवि कांत