उप्र : भदोही में छात्रा से अश्लील हरकत पर प्रधानाध्यापक को पांच साल की सजा

उप्र : भदोही में छात्रा से अश्लील हरकत पर प्रधानाध्यापक को पांच साल की सजा

उप्र : भदोही में छात्रा से अश्लील हरकत पर प्रधानाध्यापक को पांच साल की सजा
Modified Date: July 24, 2026 / 09:09 pm IST
Published Date: July 24, 2026 9:09 pm IST

भदोही/सोनभद्र, 24 जुलाई (भाषा) उत्तर प्रदेश के भदोही और सोनभद्र जिलों की पॉक्सो अदालतों ने शुक्रवार को अलग-अलग मामलों में दोषियों को कड़ी सजा सुनाई।

भदोही में पांचवीं कक्षा की छात्रा से अश्लील हरकत करने वाले एक सरकारी स्कूल के प्रधानाध्यापक को पांच साल की जेल की सजा मिली, जबकि सोनभद्र में किशोरी को ट्रेन के आगे धक्का देने वाले युवक को 15 साल के कारावास की सजा सुनाई गई।

भदोही के विशेष लोक अभियोजक (पॉक्सो) कौलेश्वर नाथ पांडेय ने बताया कि विशेष न्यायाधीश (पॉक्सो अधिनियम) दुर्गेश ने 56 वर्षीय आरोपी प्रधानाध्यापक संदीप गुप्ता को दोषी ठहराते हुए पांच साल के कारावास और 60 हजार रुपये जुर्माने की सजा सुनाई।

अदालत ने जुर्माने की 90 प्रतिशत राशि पीड़ित बच्ची की मां को देने का आदेश दिया है।

भदोही के पुलिस अधीक्षक अभिनव त्यागी ने बताया कि सुरियावां थाना क्षेत्र के एक प्राथमिक विद्यालय में पढ़ने वाली 11 वर्षीय बच्ची की मां ने 12 अप्रैल 2024 को प्रधानाध्यापक के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज कराई थी। आरोप था कि प्रधानाध्यापक ने कॉपी जांचने के बहाने बच्ची को बुलाकर उसके साथ अश्लील हरकत की थी। पुलिस ने जांच पूरी कर अदालत में आरोप-पत्र दाखिल किया, जिस पर सुनवाई करते हुए अदालत ने यह निर्णय सुनाया।

वहीं, सोनभद्र के शासकीय अधिवक्ता दिनेश प्रसाद अग्रहरि ने बताया कि विशेष न्यायाधीश (पॉक्सो एक्ट) ओमकार शुक्ला ने 35 वर्षीय आरोपी रामशंकर को दोषी करार देते हुए 15 वर्ष के कठोर कारावास और 46 हजार रुपये अर्थदंड की सजा सुनाई। अदालत ने जुर्माने की आधी राशि पीड़िता और उसकी घायल बहन को देने का आदेश दिया है।

मामले की जानकारी देते हुए अग्रहरि ने बताया कि हाथीनाला थाना क्षेत्र निवासी एक व्यक्ति ने 22 फरवरी 2025 को पुलिस में शिकायत दर्ज कराई थी।

पीड़िता की 14 वर्षीय छोटी बहन ने आरोपी को अपनी बड़ी बहन के साथ अश्लील हरकतें करने से मना किया था। इसी रंजिश में आरोपी रामशंकर ने 26 जनवरी 2025 को रेलवे लाइन के पास बकरी चरा रही बच्ची को मालगाड़ी के सामने धक्का दे दिया।

इस हादसे में बच्ची के दाहिने पैर का पंजा कटकर अलग हो गया था और उसे गंभीर चोटें आई थीं। पुलिस ने पर्याप्त साक्ष्यों के आधार पर अदालत में आरोप-पत्र दाखिल किया, जिसके बाद अदालत ने दोषी को सजा सुनाई।

भाषा

सं, आनन्द रवि कांत


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