Govt Employees Salary Hike: भाजपा सरकार ने दी “समान काम, समान वेतन’ को मंजूरी.. जानें कितने साल पुराने कर्मचारियों को मिलेगा बढ़े हुए वेतन का लाभ

Govt Employees Salary Hike: मुख्यमंत्री के निर्देशों के अनुसार, मुख्य सचिव निर्धारित समय सीमा के भीतर लक्ष्यों को पूरा करने के लिए अभियान के प्रगति की समीक्षा करेंगे। इस बारें में जारी किये गये आधिकारिक विज्ञप्ति के मुताबिक़, जरूरत के अनुसार सुधारात्मक उपाय लागू किए जाएंगे।

Govt Employees Salary Hike: भाजपा सरकार ने दी “समान काम, समान वेतन’ को मंजूरी.. जानें कितने साल पुराने कर्मचारियों को मिलेगा बढ़े हुए वेतन का लाभ

Govt Employees Salary Hike || Image- IBC24 News File

Modified Date: January 16, 2026 / 06:57 am IST
Published Date: January 16, 2026 6:41 am IST
HIGHLIGHTS
  • यूपीएनएल कर्मचारियों को समान वेतन मंजूर
  • दस साल सेवा वालों को पहले चरण में लाभ
  • कैबिनेट ने चरणबद्ध नीति को दी स्वीकृति

देहरादून: उत्तराखंड में धामी मंत्रिमंडल ने गुरुवार को उत्तराखंड पूर्व सैनिक कल्याण निगम लिमिटेड (यूपीएनएल) के कर्मियों को चरणबद्ध तरीके से “समान काम के लिए समान वेतन” (Govt Employees Salary Hike) का लाभ देने के प्रस्ताव को मंजूरी दे दी है।

10 साल की सेवा जरूरी (Equal Work Equal Pay)

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी की अध्यक्षता में हुई कैबिनेट बैठक में यह बड़ा फैसला लिया गया। पहले चरण में, यूपीएनएल के उन कर्मियों को वेतन से जुड़ा लाभ देने का फैसला लिया है, जिन्होंने 10 वर्ष की निरंतर सेवा पूरी कर ली है।

मंत्रिमंडल ने 8 दिसंबर, 2025 को आयोजित हुई अपनी बैठक में मंत्रिस्तरीय उप-समिति की सिफारिशों पर मंथन किया। इस समिति का गठन उत्तराखंड उच्च न्यायालय द्वारा 12 नवंबर, 2018 को जनहित याचिका पर दिए गए आदेश के बाद गया था। राज्य की आर्थिक स्थिति को देखते हुए, मंत्रिमंडल ने इस नीति को चरणबद्ध तरीके से लागू करने का फैसला लिया गया है। इसमें बताया गया है कि, इसका लाभ उन कर्मियों को दिए जाएंगे जिन्होंने एक दशक की निरंतर सेवा पूरी कर ली है।

भूमि संबंधी विवादों को सुलझाने के सख्त निर्देश (Govt Employees Salary Review)

बुधवार को मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने राज्य भर में भूमि संबंधी विवादों के त्वरित और प्रभावी समाधान को सुनिश्चित करने के लिए सख्त निर्देश जारी किए। (Govt Employees Salary Hike) उन्होंने मुख्य सचिव आनंद बर्धन और पुलिस महानिदेशक दीपम सेठ को सभी जिलों में अभियान शुरू करने का निर्देश दिया ताकि लंबित भूमि विवाद मामलों का एक महीने के भीतर समाधान किया जा सके।

मुख्यमंत्री ने कहा, “भूमि विवाद आम नागरिकों की समस्याओं से सीधे तौर पर जुड़े होते हैं और अक्सर कानून व्यवस्था के साथ-साथ सामाजिक सद्भाव पर भी प्रतिकूल प्रभाव डालते हैं। इसलिए, सरकार की प्राथमिकता इन विवादों का शीघ्र, पारदर्शी और निष्पक्ष समाधान सुनिश्चित करना है।” उन्होंने अधिकारियों को चुनाव प्रचार के दौरान संवेदनशील मामलों पर विशेष ध्यान देने का निर्देश दिया और चेतावनी दी कि किसी भी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी।

अभियान के प्रगति की साप्ताहिक समीक्षा (Uttarakhand Latest News in Hindi )

मुख्यमंत्री के निर्देशों के अनुसार, मुख्य सचिव निर्धारित समय सीमा के भीतर लक्ष्यों को पूरा करने के लिए अभियान के प्रगति की समीक्षा करेंगे। इस बारें में जारी किये गये आधिकारिक विज्ञप्ति के मुताबिक़, जरूरत के अनुसार सुधारात्मक उपाय लागू किए जाएंगे। (Govt Employees Salary Hike) सीएम धामी ने विश्वास व्यक्त किया कि विशेष अभियान से भूमि विवादों का शीघ्र समाधान सुनिश्चित होगा, आम जनता को राहत मिलेगी और सरकार एवं प्रशासन में जनता का विश्वास और मजबूत होगा।

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