बांग्लादेश में हिंदू समुदाय के लोगों के खिलाफ हिंसा की घटनाओं में हुई बढ़ोतरी

बांग्लादेश में हिंदू समुदाय के लोगों के खिलाफ हिंसा की घटनाओं में हुई बढ़ोतरी

बांग्लादेश में हिंदू समुदाय के लोगों के खिलाफ हिंसा की घटनाओं में हुई बढ़ोतरी
Modified Date: January 6, 2026 / 08:11 pm IST
Published Date: January 6, 2026 8:11 pm IST

ढाका, छह जनवरी (भाषा) बांग्लादेश में कट्टरपंथी युवा नेता शरीफ उस्मान हादी की दिसंबर में हुई हत्या के बाद अशांति के बीच हालिया हफ्तों में हिंसा के शिकार अल्पसंख्यक हिंदू समुदाय के लोगों का यहां उल्लेख किया जा रहा है।

मोनी चक्रवर्ती:

किराना दुकान के 40 वर्षीय मालिक की पांच जनवरी की रात को पलाश उप ज़िला के चारसिंदूर बाज़ार में अज्ञात हमलावरों ने धारदार हथियार से वार करके हत्या कर दी।

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राणा प्रताप बैरागी:

बर्फ बनाने की फैक्टरी के मालिक और नरैल से प्रकाशित होने वाले ‘दैनिक बीडी खबर’ नामक समाचार पत्र के कार्यवाहक संपादक राणा प्रताप बैरागी (38) की पांच जनवरी को दक्षिणी बांग्लादेश के जेस्सोर जिले में अज्ञात हमलावरों ने गोली मारकर हत्या कर दी।

पुलिस ने बैरागी को प्रतिबंधित ‘पूर्वी बांग्ला कम्युनिस्ट पार्टी’ का सक्रिय सदस्य बताते हुए कहा कि ऐसा प्रतीत होता है कि वह पार्टी के आंतरिक कलह का शिकार हुए।

पुलिस ने बताया कि बैरागी के खिलाफ दो थानों में चार मामले दर्ज हैं। हालांकि, इन मामलों का विस्तृत विवरण उपलब्ध नहीं है।

खोकोन चंद्र दास:

दुकान बंद कर घर लौट रहे हिंदू व्यापारी दास (50) पर 31 दिसंबर की रात बदमाशों ने बेरहमी से हमला किया, उन पर धारदार हथियार से वार किए और फिर आग लगा दी।

दवाओं की दुकान और मोबाइल बैंकिंग करने वाले दास की तीन दिन बाद तीन जनवरी को अस्पताल में मृत्यु हो गई।

अमृत ​​मंडल:

राजबारी कस्बे के पांग्शा उप ज़िला में 24 दिसंबर को जबरन वसूली के आरोप में उनकी पीट-पीटकर हत्या कर दी गई।

मंडल ने कथित तौर पर एक आपराधिक गिरोह बनाया था और जबरन वसूली और अन्य आपराधिक गतिविधियों में शामिल था। स्थानीय लोगों ने तब उस पर हमला किया जब उसने अपने गिरोह के सदस्यों के साथ मिलकर एक निवासी से धन वसूलने की कोशिश की।

पुलिस के अनुसार, मंडल के खिलाफ हत्या समेत कम से कम दो मामले दर्ज थे।

दीपू चंद्र दास:

कपड़ा कारखाने में काम करने वाले दीपू चंद्र दास (25) की 18 दिसंबर को मैमनसिंह शहर के बलुका में कथित ईशनिंदा के आरोप में भीड़ ने पीट-पीटकर हत्या कर दी। बाद में उनके शव को आग लगा दी गई।

दास की हत्या में कथित संलिप्तता के आरोप में कम से कम 12 लोगों को गिरफ्तार किया गया है।

बांग्लादेश हिंदू बौद्ध ईसाई एकता परिषद के प्रवक्ता के अनुसार, दिसंबर से अब तक हिंदू समुदाय के सात लोगों की हत्या हो चुकी है। हालांकि, परिषद ने दो पीड़ितों के बारे में विस्तृत जानकारी नहीं दी।

अगस्त 2024 में शेख हसीना की सरकार के सत्ता से अपदस्थ होने के बाद से बांग्लादेश में अल्पसंख्यक समुदायों के खिलाफ हुई कई घटनाओं में वहां की हिंदू आबादी प्रभावित हुई है।

वर्ष 2022 की जनगणना के अनुसार, बांग्लादेश में लगभग 1.31 करोड़ हिंदू रहते हैं, जो कुल जनसंख्या का लगभग 7.95 प्रतिशत है।

भाषा आशीष नरेश

नरेश


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