ट्रंप की एआई नीतियों को आकार देने वाले भारतवंशी अधिकारी व्हाइट हाउस में अपने पद से इस्तीफा देंगे

ट्रंप की एआई नीतियों को आकार देने वाले भारतवंशी अधिकारी व्हाइट हाउस में अपने पद से इस्तीफा देंगे

ट्रंप की एआई नीतियों को आकार देने वाले भारतवंशी अधिकारी व्हाइट हाउस में अपने पद से इस्तीफा देंगे
Modified Date: June 7, 2026 / 08:58 am IST
Published Date: June 7, 2026 8:58 am IST

(सागर कुलकर्णी)

वाशिंगटन, सात जून (भाषा) अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप की कृत्रिम बुद्धिमत्ता (एआई) संबंधी नीतियों को आकार देने वाले चेन्नई में जन्मे श्रीराम कृष्णन ‘व्हाइट हाउस’ (अमेरिकी राष्ट्रपति के आधिकारिक आवास एवं कार्यालय) में वरिष्ठ नीति सलाहकार के पद से इस्तीफा देने वाले हैं।

कृष्णन (42) ने माइक्रोसॉफ्ट, फेसबुक और ट्विटर (अब एक्स) में काम किया है। उन्होंने शनिवार को ‘एक्स’ पर एक पोस्ट के माध्यम से कृत्रिम बुद्धिमत्ता के वरिष्ठ नीति सलाहकार के पद से इस्तीफा देने की घोषणा की।

कृष्णन ने कहा, ‘‘मैं इस महीने के अंत में ‘व्हाइट हाउस’ में अपना पद छोड़ रहा हूं। कुछ समय के विराम के बाद मैं अमेरिका के सामने कृत्रिम बुद्धिमत्ता (एआई) से जुड़ी कुछ बड़ी चुनौतियों से निपटने में मदद करने के लिए काम करूंगा (इस बारे में बाद में और जानकारी दूंगा)।’’

कृष्णन ट्रंप प्रशासन की ‘‘एआई एक्शन प्लान’’ के मुख्य सूत्रधार थे। उन्होंने उभरती हुई तकनीक के नियमों को कम करने और देश भर में डेटा केंद्रों के विस्तार को बढ़ावा देने के लिए एक खाका तैयार किया था।

वह ट्रंप के उन तकनीकी सलाहकारों में भी शामिल थे जिन्होंने राज्यों की एआई को विनियमित करने की क्षमता को सीमित करने वाला एक कार्यकारी आदेश तैयार किया था।

कृष्णन ने कहा, ‘‘अमेरिकी जनता की सेवा करना मेरे लिए कितना बड़ा सौभाग्य रहा है, इसे शब्दों में व्यक्त करना कठिन है और इस अवसर के लिए मैं कितना आभारी हूं। सबसे पहले और सबसे महत्वपूर्ण बात यह है कि राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के नेतृत्व में सेवा करना मेरे लिए सम्मान की बात है। उनके नेतृत्व के बिना हम एआई की दौड़ में आगे नहीं होते।’’

‘व्हाइट हाउस’ में कृष्णन के करीबी सहयोगी डेविड सैक्स ने कहा कि पिछले 18 महीनों में उनके साथ इतने करीब से काम करना मेरे लिए एक बड़ा सौभाग्य रहा है।

विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी पर राष्ट्रपति सलाहकार परिषद के सह-अध्यक्ष सैक्स ने ‘एक्स’ पर कहा, ‘‘आपकी क्षमताएं वास्तव में अद्वितीय हैं: एआई (कृत्रिम बुद्धिमत्ता) की गहरी तकनीकी समझ, नीतिगत मामलों पर तीक्ष्ण पकड़, असाधारण रणनीतिक सोच और वास्तविक कूटनीतिक कौशल का यह दुर्लभ मेल है।

कृष्णन ने ‘व्हाइट हाउस’ में अपने कार्यकाल के दौरान अपनी प्रमुख उपलब्धियों में अमेरिकी एआई एक्शन प्लान, राष्ट्रीय एआई नीति ढांचा तथा एआई के विकास को गति देने के लिए साझेदारियों की स्थापना का उल्लेख किया।

वर्ष 1984 में चेन्नई में जन्मे कृष्णन ने 2005 में एसआरएम विश्वविद्यालय से सूचना प्रौद्योगिकी (आईटी) में बैचलर ऑफ टेक्नोलॉजी (बी.टेक.) की डिग्री प्राप्त की। इसके बाद वह 2007 में माइक्रोसॉफ्ट में शामिल होने के लिए अमेरिका चले गए।

भाषा सुरभि गोला

गोला


लेखक के बारे में