दुबई, 20 अगस्त (एपी) इजराइली सेना ने बुधवार को कहा कि वह गाजा में युद्ध के दौरान सैनिकों के आचरण की समीक्षा के बाद फरवरी 2024 में पांच वर्षीय फलस्तीनी बच्ची हिंद रजब और उसके परिवार के सदस्यों की हत्या तथा मार्च 2025 में 15 फलस्तीनी स्वास्थ्यकर्मियों की मौत के मामलों में आपराधिक जांच करेगी। इन दोनों घटनाओं ने अंतरराष्ट्रीय स्तर पर ध्यान खींचा था।
इस बीच, फ्रांस ने इस सप्ताह ईरान द्वारा फ्रांसीसी राजनयिकों को निष्कासित किए जाने के जवाब में दो ईरानी राजनयिकों को देश से निकालने की घोषणा की है। वहीं, ईरान की संसद के अध्यक्ष और उसके मुख्य वार्ताकार तीन दिवसीय यात्रा पर पड़ोसी देश इराक पहुंचे हैं।
ईरान युद्ध के ताजा घटनाक्रम पर एक नजर:
इजराइली सेना द्वारा यह घोषणा गाजा में युद्ध के दौरान सैनिकों के आचरण से जुड़ी 150 घटनाओं की समीक्षा के बाद की गई। हालांकि, सेना ने स्पष्ट किया कि वह उन अन्य तीन हमलों की आपराधिक जांच शुरू नहीं करेगी जिसमें ‘वर्ल्ड सेंट्रल किचन’ और ‘डॉक्टर्स विदाउट बॉर्डर्स’ के सहायता कर्मियों की मौत हो गई थी। रजब की मौत तब हुई जब इजराइली सैनिकों ने उस वाहन पर गोलीबारी की, जिसमें उसके चार रिश्तेदार भी सवार थे। वे सभी इजराइली सैन्य अभियान के बीच गाजा शहर से निकलने की कोशिश कर रहे थे।
वहीं, दक्षिणी शहर रफाह में इजरायली सैनिकों ने 15 स्वास्थ्यकर्मियों के वाहनों पर गोलीबारी की, जिससे उनकी मौत हो गई। इसके बाद उनके शवों को बुलडोजर से हटाकर सामूहिक कब्र में दफना दिया गया। फोन से बनाए गए वीडियो और घटना में बचे एकमात्र व्यक्ति के अनुसार, सैनिकों ने पहले इजराइली हमलों में घायल हुए लोगों को निकालने पहुंची एक एम्बुलेंस पर गोली चलाई और फिर उसकी तलाश में पहुंचे कई अन्य आपातकालीन वाहनों पर भी गोलियां बरसाईं।
एपी प्रचेता नरेश
नरेश