दुबई, 28 मई (एपी) कुवैत ने बृहस्पतिवार को कहा कि उस पर मिसाइल और ड्रोन से हमला किया गया है। इस दावे के साथ ही अमेरिका और ईरान दोनों की ओर से हमले किए जाने के बाद नाजुक युद्धविराम और जटिल हो गया है।
कुवैत की सेना ने हमले की पुष्टि की लेकिन यह नहीं बताया कि किन स्थानों को निशाना बनाया गया। कुछ घंटों बाद ईरान ने हमले की जिम्मेदारी ली, लेकिन उसने भी यह नहीं बताया कि उसके निशाने पर क्या था।
युद्ध के दौरान ईरान और इराक में ईरान समर्थित शिया सशस्त्र गुटों की ओर से कुवैत पर कई बार हमले किए गए थे।
यह हमला ऐसे समय में हुआ जब पूरे पश्चिम एशिया में तनाव है। अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने भरोसा जताया है कि उनका प्रशासन युद्ध समाप्त करने के लिए ईरान के साथ बातचीत में प्रगति कर रहा है, लेकिन वार्ता अब भी अधर में है।
बातचीत सोमवार को और जटिल हो गई, जब अमेरिकी बलों ने दक्षिणी ईरान में मिसाइल प्रक्षेपण स्थलों और बारूदी सुरंगें बिछाने वाली नौकाओं पर हमले किए।
इससे पहले, बुधवार देर रात अमेरिका के अधिकारियों ने बताया कि अमेरिकी बलों ने ईरान की तरफ से दागे गए ड्रोन को नष्ट करने के बाद तेहरान के एक सैन्य अड्डे पर फिर से रक्षात्मक कार्रवाई की।
अमेरिका के दो अधिकारियों ने बताया कि अमेरिका की सेंट्रल कमान के बलों ने ईरान की ओर से बिना उकसावे के दागे गए चार ड्रोन को नष्ट कर दिया। अधिकारियों के अनुसार, इनसे होर्मुज जलडमरूमध्य को खतरा माना जा रहा था।
उन्होंने बताया कि अमेरिका के बलों ने बंदर अब्बास में ईरान के उस अड्डे पर भी हमला किया, जहां से पांचवां ड्रोन दागने की तैयारी की जा रही थी।
ईरान के अर्धसैनिक बल ‘रिवोल्यूशनरी गार्ड’ ने सरकारी समाचार एजेंसी के जरिए बंदर अब्बास अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे के आसपास हुए हमले की पुष्टि की है और कहा कि उसने उस हवाई अड्डे पर जवाबी हमला किया जहां से यह हमला शुरू हुआ था।
उसने लक्ष्य के बारे में कोई विस्तृत जानकारी नहीं दी और यह भी स्पष्ट नहीं हुआ कि यही वह हमला था जिसके बारे में कुवैत ने सूचना जारी की है।
भाषा
खारी मनीषा नरेश
नरेश