अमेरिका, पाकिस्तान ने आतंकवाद का मुकाबला करने और सीमा सुरक्षा मजबूत करने का संकल्प लिया
अमेरिका, पाकिस्तान ने आतंकवाद का मुकाबला करने और सीमा सुरक्षा मजबूत करने का संकल्प लिया
वाशिंगटन, पांच अगस्त (भाषा) अमेरिका और पाकिस्तान ने क्षेत्र में आईएसआईएस-खुरासान, बलूचिस्तान लिबरेशन आर्मी (बीएलए) और उससे जुड़े संगठनों जैसे आतंकवादी समूहों का मिलकर मुकाबला करने का संकल्प जताया है और सीमा सुरक्षा को मजबूत करने के उपायों पर चर्चा की।
मंगलवार को आयोजित चौथे अमेरिका-पाकिस्तान आतंकवाद-रोधी संवाद के दौरान दोनों देशों के प्रतिनिधिमंडलों ने मौजूदा आतंकवादी खतरे की स्थिति पर विचार-विमर्श किया और आपसी सहयोग को और मजबूत करने के संभावित उपायों पर चर्चा की।
इस संवाद का नेतृत्व अमेरिका के आतंकवाद-रोधी समन्वयक राजदूत ग्रेगरी लोगेरफो और पाकिस्तान के विदेश मंत्रालय के विशेष सचिव राजदूत नबील मुनीर ने किया।
अमेरिका और पाकिस्तान की ओर से जारी एक संयुक्त बयान में कहा गया, ‘‘संवाद के दौरान अमेरिका-पाकिस्तान के बीच आतंकवाद-रोधी साझेदारी में साझा हितों और आतंकवाद का सामना करने के दोनों देशों के संकल्प पर जोर दिया गया।’’
बयान के अनुसार, प्रतिनिधिमंडलों ने मौजूदा खतरों के माहौल पर विचार-विमर्श किया, सहयोग बढ़ाने के तरीकों पर चर्चा की और सीमा सुरक्षा को मजबूत करने तथा आतंकवादियों की मदद करने वाले नेटवर्क को खत्म करने के उपायों पर चर्चा की।
बयान में कहा गया है, ‘‘अमेरिका और पाकिस्तान ने उन आतंकवादी संगठनों का सामना करने के अपने संयुक्त संकल्प को दोहराया जो उनके नागरिकों की सुरक्षा और क्षेत्र की स्थिरता के लिए खतरा पैदा करते हैं। इनमें आईएसआईएस-खुरासान (आईएसआईएस-के), अल-कायदा (एक्यू), तहरीक-ए-तालिबान पाकिस्तान (टीटीपी) और बलूचिस्तान लिबरेशन आर्मी (बीएलए) तथा उससे जुड़े संगठन शामिल हैं।’’
बयान में कहा गया कि दोनों देशों की सरकारें अपने-अपने देशों को सुरक्षित रखने और क्षेत्रीय शांति, समृद्धि व स्थिरता के दीर्घकालिक दृष्टिकोण के तहत आतंकवाद-विरोधी सहयोग सुनिश्चित करने के लिए प्रतिबद्ध हैं।
भाषा सुरभि वैभव
वैभव

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