Odisha Weather Alert | Photo Credit: AI
भुवनेश्वर: Odisha Weather Alert ओडिशा के पुरी में भगवान जगन्नाथ की रथयात्रा (Jagannath Rath Yatra 2026) 16 जुलाई, गुरुवार से शुरू होगी। यह भव्य उत्सव 24 जुलाई तक चलेगा, जिसमें 10 लाख से अधिक श्रद्धालुओं के शामिल होने की उम्मीद है। रथयात्रा को लेकर पुरी के होटल और लॉज पूरी तरह फुल हो चुके हैं। (Puri Weather Update) वहीं दूसरी ओर यहां मौसम का मिजाज बदला हुआ दिख रहा है। ऐसे में मौसम विभाग ने पुरी समेत ओडिशा के कई हिस्सों में भारी बारिश का अनुमान जताया है।
Odisha Weather Alert दरअसल, आईएमडी ने एक बुलेटिन में बताया कि ऊपरी वायुमंडल में चक्रवातीय परिसंचरण के प्रभाव से बुधवार सुबह करीब साढ़े पांच बजे उत्तरी ओडिशा-पश्चिम बंगाल तटों के पास बंगाल की खाड़ी के ऊपर कम दबाव का क्षेत्र बन गया। उसने कहा कि निम्न दबाव के क्षेत्र के अगले दो दिनों में उत्तरी ओडिशा एवं पश्चिम बंगाल में गंगा के मैदान क्षेत्र में आगे बढ़ने की संभावना है।
मंगलवार शाम से पुरी तथा ओडिशा के कई ज़िलों में ज़ोरदार बारिश हुई। अधिकारियों ने बताया कि पुरी और इस तटीय जिले के अन्य हिस्सों में मंगलवार शाम से बुधवार तड़के तक भारी बारिश हुई। उन्होंने कहा कि शहर से बारिश का पानी निकालने के लिए अग्निशमन कर्मियों को लगाया गया। ‘ग्रैंड रोड’ पर भी पानी भर गया, जो भगवान जगन्नाथ मंदिर के सामने की मुख्य सड़क है और उसी रास्ते पर (बृहस्पतिवार को) रथ यात्रा के दौरान रथ खींचे जायेंगे।
अग्निशमन सेवा के एक अधिकारी ने कहा, ‘‘हमने उन जगहों पर पंप लगाए हैं जहां भारी बारिश के दौरान जलभराव हो सकता है। कल शाम भारी बारिश के दौरान पानी निकालने के लिए इन पंपों का इस्तेमाल किया गया था।’’ आईएमडी के अनुसार, बुधवार को सुबह साढ़े आठ बजे तक पिछले 24 घंटे के दौरान पुरी शहर में सबसे ज़्यादा 143.8 मिलीमीटर (मिमी) बारिश हुई।
पुरी में बृहस्पतिवार को विश्व प्रसिद्ध रथ यात्रा होने वाली है जिसमें देश-विदेश के लाखों श्रद्धालुओं के शामिल होने की उम्मीद है। आईएमडी ने भारी बारिश का अनुमान जताया है और पुरी तथा जगतसिंहपुर जिलों के लिए ‘रेड वार्निंग’ (कार्रवाई करने की चेतावनी) जारी की है। मौसम के पूर्वानुमान को देखते हुए, पुरी जिला प्रशासन ने बुधवार को निजी स्कूलों सहित सभी स्कूलों को बंद कर दिया है।
आईएमडी ने श्रद्धालुओं को सलाह दी है कि जोरदार बारिश या बिजली गिरने की स्थिति में वे किसी पक्की इमारत में शरण लें, न कि पेड़ों, बिजली के खंभों या अस्थायी ढांचों के नीचे।
समुद्र में हालात खराब से बहुत खराब रहने की संभावना को देखते हुए मौसम विभाग ने मछुआरों को सलाह दी है कि वे 17 जुलाई तक ओडिशा के तटों के पास और समुद्र में न जाएं। केंद्रपाड़ा जिले के डेराबिस में 135 मिमी और उसी जिले के पटामुंडई में 129 मिमी बारिश हुई। बुलेटिन के अनुसार, मयूरभंज, बालासोर, भद्रक, पुरी, संबलपुर, कटक, केंद्रपाड़ा और जाजपुर जिलों की इक्कीस अन्य जगहों पर 65 मिमी से 107 मिमी तक भारी बारिश दर्ज की गई।
आईएमडी ने बुधवार के लिए मयूरभंज, क्योंझर, भद्रक, केंद्रपाड़ा, जाजपुर, खुरधा, कटक, नयागढ़, अंगुल, ढेंकनाल, बौध, गंजम और कंधमाल जिले के लिए ‘ऑरेंज अलर्ट’ तथा बालेश्वर, देवगढ़, सुंदरगढ़, झारसुगुड़ा, संबलपुर, बारगढ़, सोनपुर, बलांगीर, नुआपाड़ा, कालाहांडी, रायगढ़ा और गजपति जिले के लिए ‘येलो अलर्ट’ जारी किया है।