एयरलाइन का निःशुल्क वजन सीमा पर टिके रहना सेवा में कमी नहींः उपभोक्ता आयोग

एयरलाइन का निःशुल्क वजन सीमा पर टिके रहना सेवा में कमी नहींः उपभोक्ता आयोग

एयरलाइन का निःशुल्क वजन सीमा पर टिके रहना सेवा में कमी नहींः उपभोक्ता आयोग
Modified Date: July 29, 2026 / 08:08 pm IST
Published Date: July 29, 2026 8:08 pm IST

मुंबई, 29 जुलाई (भाषा) महाराष्ट्र की एक उपभोक्ता अदालत ने ब्रसेल्स एयरलाइंस के खिलाफ दायर उस शिकायत को खारिज कर दिया है, जिसमें एक यात्री ने निर्धारित सीमा से अधिक सामान पर शुल्क देने से इनकार करने और इस वजह से चेक-इन समय सीमा चूकने पर विमान में सवार नहीं होने देने का आरोप लगाया था।

अतिरिक्त जिला उपभोक्ता विवाद निवारण आयोग, मुंबई उपनगर ने मंगलवार को पारित आदेश में कहा कि एयरलाइन को मानक अनुबंध शर्त लागू करने के लिए ‘सेवा में कमी’ का दोषी नहीं ठहराया जा सकता है।

शिकायतकर्ता ने 12 सितंबर, 2017 को मुंबई से ब्रसेल्स के रास्ते मैनचेस्टर जाने के लिए अपने और दो बच्चों के लिए इकॉनमी श्रेणी के टिकट बुक किए थे।

यात्री का सामान निर्धारित मुफ्त सामान सीमा से काफी अधिक था, जिसके बाद एयरलाइन के ग्राउंड स्टाफ ने उससे अतिरिक्त सामान शुल्क का भुगतान करने को कहा। शिकायतकर्ता ने शुल्क देने से इनकार कर दिया और बिना कोई अतिरिक्त भुगतान किए यात्रा की अनुमति देने की मांग की।

इसके बाद वह सामान को दोबारा व्यवस्थित कर जब चेक-इन काउंटर पर वापस लौटा, तब तक चेक-इन की समय सीमा समाप्त हो चुकी थी। इसके बाद उसे किसी अन्य एयरलाइन से यात्रा करनी पड़ी और उसने ब्रसेल्स एयरलाइंस से मुआवजे की मांग करते हुए उपभोक्ता आयोग का रुख किया।

आयोग ने कहा कि शिकायतकर्ता ने अतिरिक्त सामान पर शुल्क देने से इनकार करने के कारण ही चेक-इन की समय सीमा गंवाई। एयरलाइन ने अपनी मानक सामान नीति के अनुरूप ही कार्रवाई की थी।

भाषा प्रेम प्रेम अजय

अजय


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