भारत-ब्रिटेन व्यापार समझौते के तहत कार आयात कोटा के लिए आवेदन आमंत्रित

भारत-ब्रिटेन व्यापार समझौते के तहत कार आयात कोटा के लिए आवेदन आमंत्रित

भारत-ब्रिटेन व्यापार समझौते के तहत कार आयात कोटा के लिए आवेदन आमंत्रित
Modified Date: July 20, 2026 / 09:19 pm IST
Published Date: July 20, 2026 9:19 pm IST

नयी दिल्ली, 20 जुलाई (भाषा) भारत ने सोमवार को भारत-ब्रिटेन व्यापक आर्थिक एवं व्यापार समझौते (सीईटीए) के तहत शुल्क रियायत के साथ आयात किए जाने वाले पूर्ण रूप से निर्मित (सीबीयू) यात्री और माल ढुलाई वाहनों के लिए वर्ष 2026 के आयात कोटा आवंटन को पहले चरण के आवेदन आमंत्रित किए।

भारत-ब्रिटेन व्यापक आर्थिक एवं व्यापार समझौते (सीईटीए) के तहत भारत ने समझौते के पहले 15 वर्षों के दौरान ब्रिटेन से पारंपरिक इंजन वाले यात्री वाहनों, जिनमें आम उपभोक्ता वर्ग की कारें भी शामिल हैं, के कुल 3.78 लाख वाहनों के आयात को रियायती सीमा शुल्क पर अनुमति दी है।

समझौते के तहत दोनों देशों ने निर्धारित कोटा के भीतर वाहन आयात पर सीमा शुल्क को लगभग 110 प्रतिशत से घटाकर 10 प्रतिशत करने पर सहमति जताई है।

विदेश व्यापार महानिदेशालय (डीजीएफटी) ने एक अधिसूचना में कहा कि समझौते के तहत कोटा आधारित शुल्क रियायत का लाभ लेकर ब्रिटेन से वाहन आयात करने के इच्छुक आयातक 21 जुलाई से चार अगस्त तक आवेदन कर सकते हैं।

अधिसूचना के अनुसार, पहले चरण में आयातकों को 9,316 वाहनों के कोटा आवंटन के लिए आवेदन आमंत्रित किए गए हैं।

केवल मूल उपकरण विनिर्माता (ओईएम), उनके डीलर और ब्रिटेन में निर्मित वाहनों के ओईएम द्वारा विधिवत अधिकृत चैनल साझेदार ही शुल्क दर कोटा के लिए आवेदन करने के पात्र होंगे।

पात्रता के लिए प्रत्येक आवेदक को ब्रिटेन के वाहन विनिर्माता (ओईएम) द्वारा जारी पूर्व-क्रय समझौता प्रस्तुत करना होगा, जिसमें टीआरक्यू वर्ष के दौरान भारत में आयात के लिए उपलब्ध कराए जाने वाले वाहनों की संख्या का उल्लेख होगा।

इसमें कहा गया कि 1,500 सीसी तक इंजन क्षमता वाली कारों के लिए 2,329 इकाइयों का कोटा निर्धारित किया गया है। इन वाहनों पर मूल सीमा शुल्क 66 प्रतिशत के बजाय 50 प्रतिशत लगेगा।

इसी प्रकार, पेट्रोल वाहनों के लिए 1,500 सीसी से अधिक और 3,000 सीसी से कम तथा डीजल वाहनों के लिए 1,500 सीसी से अधिक और 2,500 सीसी तक इंजन क्षमता वाली कारों के लिए भी 2,329 इकाइयों का कोटा तय किया गया है। इन वाहनों पर भी शुल्क 66 प्रतिशत से घटाकर 50 प्रतिशत किया गया है।

पेट्रोल वाहनों के लिए 3,000 सीसी से अधिक और डीजल वाहनों के लिए 2,500 सीसी से अधिक इंजन क्षमता वाली कारों के लिए 4,658 इकाइयों का कोटा निर्धारित किया गया है। इन श्रेणियों में आयात शुल्क 110 प्रतिशत से घटकर 30 प्रतिशत रह जाएगा।

भाषा योगेश अजय

अजय


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